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महाअभियान : पहले दिन साढ़े 6 घंटे में पकड़े 53 गोवंश, एक अवैध पशु बाड़ा तोड़ा

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हिसार में पशु पकड़ो महाअ​भियान के दौरान एक गाय ठेकेदार को टक्कर मारकर भागती हुई। 
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हिसार। आखिरकार नगर निगम ने शहर को बेसहारा पशु मुक्त बनाने के लिए मंगलवार से पशु पकड़ने का महाअभियान शुरू कर दिया। पहले दिन करीब साढ़े घंटे तक चले अभियान के दौरान पशु बाड़ों व खुले में घूम रहे 53 गोवंश को पकड़कर गोअभयारण्य पहुंचाया गया। इनमें 33 गाय व 20 बछड़ा-बछड़ी शामिल हैं।
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इसके अलावा पड़ाव गुजरान एरिया में एक अवैध पशु बाड़े को तोड़ा गया, जबकि अभियान में बाधा पहुंचाने पर एक बाड़ा मालिक को हिरासत में लिया गया है। पड़ाव व टिब्बा दानाशेर एरिया में निगम की पशु पकड़ने वाली टीम को विरोध का सामना करना पड़ा। हालांकि पुलिस बल साथ रहने से लोग कार्रवाई को रोक न सके। यही नहीं ज्यादातर चिह्नित पशु बाड़ों में टीम को पशु नहीं मिले।
नगर सुधार मंडल की जमीन पर बना रखा था पशु बाड़ा
सबसे पहले नगर निगम की टीम पड़ाव गुजरान एरिया में लेबर शेड के पास पहुंची। यहां नगर सुधार मंडल की जमीन पर अवैध पशु बाड़ा बना रखा था। इस जमीन पर कुछ लोगों ने कब्जा भी किया हुआ है और यह मामला कोर्ट में विचाराधीन भी है। मगर यहां गिनी चुनी गाय ही मिलीं। निगम ने गायाें को पकड़कर गोअभयारण्य भिजवा दिया, जबकि इनके बछड़े व बछड़ियों को बाड़ा मालिक ने घर में घुसा लिया। इसके बाद इस बाड़े को जेसीबी से पूरी तरह से तोड़ दिया गया।
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ड्रोन की मदद से बाड़े में गायों का लगाया पता लगाया
इसके बाद टीम पास में ही बने दूसरे बाड़े में गई। ड्रोन की मदद से पता लगाया कि बाड़े में काफी गाय बंधी हुई हैं। यही नहीं पीछे एक बाड़ा और भी है, जिसमें बछड़े व बछड़ियों को बांधा हुआ था। चूंकि बाड़े की हालत काफी दयनीय थी। इसे देखते हुए निगम ने इन गायों को पकड़ने का फैसला किया। बाड़ा मालिक ने यह कहते हुए विरोध कर दिया कि उसके पशु बाड़े के अंदर हैं। इस पर पुलिस ने उसे हिरासत में ले लिया। इसके बाद बाड़े में बंधी सभी गायों को पकड़कर गोअभयारण्य भिजवा दिया गया। साथ ही टीम ने बाड़े के आगे गाड़े खूंटों को भी उखाड़ दिया।

किसी ने दुकान तो किसी ने कमरों में किया गोवंश को बंद
निगम की कार्रवाई की डर से पड़ाव एरिया में पशु मालिकों ने अपनी गायों को कमरों में बंदकर ताला लगा दिया। मगर निगम की टीम ने उन्हें ढूंढ निकाला और पकड़कर उन्हें अपने कब्जे में ले लिया। यही नहीं एक व्यक्ति ने अपनी दो गायों को दुकान में रोककर शटर बंद कर दिया। हालांकि टीम ने उन गायों को भी छोड़ दिया। इसी क्षेत्र में निगम की टीम ने एक घर में बंधी गायों को बाहर निकालने की कोशिश की तो महिला व उसकी बेटी ने इसका विरोध कर दिया।
यही नहीं महिला ने हाथ जोड़ते हुए कहा कि वह कभी अपनी गायों को खुला नहीं छोड़ती। उसका पति नहीं है और उसका घर इन गायों से ही चलता है। इस पर निगम अधिकारियों ने कहा कि वे सिर्फ गायों को चेक करेंगे। जब अंदर जाकर चेक किया तो करीब 15 गाय बंधी हुई थीं। यही नहीं गायों के कानों पर टैग लगे थे, जो सिर्फ उन्हीं पशुओं पर लगते हैं, जिन्हें निगम खुले में घूमते हुए पकड़ता है। हालांकि निगम की टीम बिना कार्रवाई करे यहां से लौट गई।
गाय ने ठेकेदार को उठाकर पटका
फोटो : 16 से 18

अभियान के दौरान एक गाय को पकड़ते समय उसकी रस्सी निगम कर्मचारियों के हाथ से छूट गई। जब गाय भागी तो बीच रास्ते खड़े निगम के एक ठेकेदार को उठाकर पटक दिया। गनीमत रही कि उन्हें कोई चोट नहीं आई। इसी बीच कर्मचारियों ने गाय को फिर से काबू में कर लिया।
मेयर के कहने पर बिना जुर्माना छोड़ीं छह गाय
पड़ाव गुजरान एरिया में अभियान के दौरान एक पशु मालिक घर में रखे हुए पशुओं को गाड़ी से बाहर निकालने का प्रयास करने लगा। इस पर वहां मौजूद पुलिस कर्मचारी ने उसे रोक दिया और कहा कि अब उसकी गायों को निगम अपने कब्जे में लेगा। मगर मेयर ने उसे गायों को ले जाने की अनुमति दे दी, जिसके बाद उक्त पशु मालिक अपनी 6 गायों को बिना जुर्माना दिए वहां से ले गया। अगर निगम उन गायों को पकड़ता है तो उक्त पशु मालिक से 66 हजार रुपये जुर्माना वसूला जाता।
पड़ाव गुजरान में हुआ विरोध
पड़ाव गुजरान एरिया में टीम पशुपालक कमल गुर्जर के घर पहुंची। उसके घर में भी करीब 15 गाय बंधी हुई थी। जब टीम गायों को घर से बाहर निकालने लगी तो घर की महिलाओं ने विरोध कर दिया। फिर भी टीम ने दो गायों को घर से निकाल कर गाड़ी में चढ़ा दिया। इसी बीच एरिया के अन्य पशुपालक भड़क गए और उन्होंने निगम की कार्रवाई का विरोध कर दिया। विरोध को देखते हुए निगम ने कमल गुर्जर को आधे से एक घंटे में अपने सभी पशुओं को शहर से बाहर ले जाने को कह दिया। इसके बाद वह अपने पशुओं को गाड़ी के माध्यम से वहां से ले गया।
टिब्बा दानाशेर में लोगों ने निगम के खिलाफ की नारेबाजी
पड़ाव गुजरान में विरोध को देखते हुए टीम टिब्बा दानाशेर में पहुंची। यहां पशु मालिक सतीश गुर्जर के घर की चेंकिंग की, लेकिन यहां एक भी पशु नहीं मिला। इसके अलावा अन्य घरों में भी बड़ी संख्या में पशु नहीं मिले। यहां भी निगम ने ड्रोन की मदद ली। इसी बीच यहां के लोगों के निगम की कार्रवाई का विरोध कर दिया और निगम के खिलाफ नारेबाजी भी की। कुछ लोगों का आरोप था कि निगम के पार्षद ने भी घर में 5 से 6 पशु रखे हुए हैं। उसके पशु भी जब्त किए जाए। लोगों के विरोध को देखते हुए निगम की टीम यहां से चली गई।
वार्ड-8 की स्वागत कॉलोनी में ज्यादातर बाड़े मिले खाली
टिब्बा दानाशेर से टीम वार्ड 8 की स्वागत कॉलोनी में पहुंची। टीम को आते एक बाड़े के गेट पर मौजूद बच्चों ने गेट खोलकर सभी पशुओं को वहां से भगा दिया, जबकि एक बाड़ा पूरी तरह से खाली मिला। वहीं एक अन्य बाड़े के गेट पर भी ताला लटका हुआ था। निगम ने ताला खुलवा चेक किया तो बाड़े में सिर्फ 6 गाय ही मिलीं। इसी बीच ड्रोन की मदद से एक बाड़े में 7-8 गायों को पता चला। ये गाय पशु बाड़ा मालिक सतीश गुर्जर की थीं। बाड़े की सभी गायों पर 56 नंबर की मुहर लगी हुई थी। निगम ने इन सभी गायों को अपने कब्जे में ले लिया। इसके अलावा मौके पर खुले में घूमती हुई गायों को पकड़ लिया गया।

वर्जन :

हिसार में पशु पकड़ो महाअभियान के दौरान एक गाय ठेकेदार को टक्कर मारकर भागती हुई। 

हिसार में पशु पकड़ो महाअभियान के दौरान एक गाय ठेकेदार को टक्कर मारकर भागती हुई। 

हिसार में पशु पकड़ो महाअभियान के दौरान एक गाय ठेकेदार को टक्कर मारकर भागती हुई। 

हिसार में पशु पकड़ो महाअभियान के दौरान एक गाय ठेकेदार को टक्कर मारकर भागती हुई। 

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