हिसार। पश्चिमी विक्षोभ के असर से प्रदेश में लगातार तीसरे दिन बारिश व ओलावृष्टि का दौर जारी रहा। इस दौरान महेंद्रगढ़, रेवाड़ी, चरखी दादरी, भिवानी व गुरुग्राम में तेज हवाओं के साथ हल्की से मध्यम स्तर की बारिश हुई और कहीं-कहीं ओले भी गिरे।
मौसम विशेषज्ञ डॉ. चंद्रमोहन ने बताया कि इस पश्चिमी विक्षोभ के असर से आने वाले दो दिनों तक प्रदेश में बारिश की संभावना बनी रहेगी। इसे लेकर भारतीय मौसम विभाग ने प्रदेश में येलो और आरेंज अलर्ट जारी कर दिया है। 21 मार्च को यह पश्चिमी विक्षोभ आगे गुजर जाएगा। हालांकि एक नया ताजा पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होने से 22-25 मार्च के दौरान प्रदेश में फिर से प्री मानसून गतिविधियां जारी रहेंगी।
डॉ. चंद्रमोहन ने बताया कि एक के बाद एक पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होने से उत्तरी मैदानी राज्यों पर प्री मानसून गतिविधियां देखने को मिल रही है। इससे हल्की से मध्यम बारिश, तेज गति की हवाओं और गरज चमक के साथ कुछ स्थानों पर ओलावृष्टि की गतिविधियों को दर्ज किया जा रहा है । 16 मार्च को सक्रिय पश्चिमी विक्षोभ आगे बढ़ा और उसमें नया पश्चिमी मिलने से और शक्तिशाली हो गया है। इसकी वजह से राजस्थान के मध्य हिस्से पर एक कम दबाव का क्षेत्र बना हुआ है। अरब सागर और बंगाल की खाड़ी से नमी मिलने से यह ज्यादा प्रभावशाली हो गया। रविवार को प्रदेश में अधिकतम तापमान 26.0 से 29.0 डिग्री सेल्सियस के बीच दर्ज किया गया है, जो सामान्य से तापमान नीचे बने हुए हैं। वहीं न्यूनतम तापमान 12.0 से 16.0 डिग्री सेल्सियस के बीच दर्ज किया गया।