हांसी। बारिश के बाद डायरिया और इंफेक्शन के मामलों में तेजी से इजाफा हुआ है। नागरिक अस्पताल, हांसी में बीते 10 दिनों के दौरान डायरिया के प्रतिदिन 40 से 50 मरीज पहुंच रहे हैं। इनमें बच्चों और बुजुर्गों की संख्या सबसे अधिक है। डॉक्टरों के अनुसार मौसम में नमी और गर्मी के कारण संक्रमण तेजी से फैल रहा है। वायरल, डिहाइड्रेशन और उल्टी-दस्त जैसी समस्याएं आम हो गई हैं।
मेडिकल ऑफिसर डॉ. संजय वर्मा ने बताया कि इस मौसम में संक्रमण का खतरा अधिक होता है, खासतौर पर बच्चों, बुजुर्गों और पहले से बीमार लोगों को सतर्क रहना चाहिए। उन्होंने कहा कि शरीर में पानी और नमक की मात्रा बनी रहनी जरूरी है, ताकि डिहाइड्रेशन से बचा जा सके।
डॉ. कामिद मोंगा ने बताया कि डायरिया की स्थिति में तुरंत ओआरएस, इलेक्ट्रॉल या घर में बना नमक-चीनी-नींबू का घोल लेना चाहिए। उन्होंने कहा कि घर में ओआरएस पाउच पहले से रखना फायदेमंद हो सकता है। चिकित्सकों के अनुसार डायरिया और उल्टी-दस्त के कारण शरीर में इलेक्ट्रोलाइट की भारी कमी हो जाती है। ऐसी स्थिति में गंभीर मरीजों को अस्पताल में भर्ती किया जा रहा है।
सावधानी के उपाय
हल्का और कम वसा वाला भोजन करें।
अधिक पानी और तरल पदार्थ लें।
कटे फलों, खुले भोजन और गंदे पानी से परहेज करें।
बीमार होने पर डॉक्टर से तुरंत संपर्क करें।
गंभीर मरीजों को किया जा रहा भर्ती।