शुक्रवार को ग्रामीणों ने हिसार प्रशासन को शनिवार 10 बजे तक का अल्टीमेटम दिया था जो कि खत्म हो गया। लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। फिलहाल 14 गांव व भयाण खाप की महापंचायत होगी सरसौद बिचपड़ी गांव में चल रही है। दोपहर बाद 3 बजे तक महापंचायत में बड़ा निर्णय लिया जाएगा। रघुबीर सिंह को न्याय दिलाने के लिए फिलहाल सरसोद बिचपड़ी मुख्य बस स्टैंड पर ग्रामीणों ने धरना कल ही शुरू कर दिया था।
जीआरपी पुलिस थाना प्रभारी को दी मृतक रघुबीर सिंह के रिश्तेदार सुबे सिंह ने कहा है कि उसके जीजा रघुबीर सिंह हरियाणा पुलिस जीआरपी हिसार में ईएसआई के पद पर कार्यरत था। जो 31 जनवरी 2023 को सेवानिवृत हो चुके थे। सुबे सिंह ने पुलिस को दी शिकायत में कहा है कि रघुबीर सिंह उसको बताता था कि जीआरपी हिसार के हैड कांस्टेबल व कई पुलिस कर्मचारी उसके साथ रंजिश रखते थे।
रघुबीर को कारण बताओ नोटिस जारी किया
रघुबीर सिंह ने जीआरपी के कुछ आरोपी पुलिस कर्मचारियों द्वारा लिए गए रिश्वत के रुपये बिचपड़ी गांव के व्यक्यिों को वापस दिलवाए थे। इसी बात को लेकर जीआरपी के पुलिस कर्मचारी उसको परेशान करते थे। आरोप है कि इसी रंजिश के तहत जीआरपी पुलिस कर्मचारी सुरेन्द्र व महेन्द्र ने जीआरपी एसएचओ नरेश से एक झुठी रिर्पोट तैयार करके जीआरपी के डीएसपी से फोरवेड करवाकर रघुबीर सिंह को कारण बताओ नोटिस जारी करवाया गया।
रघुबीर सिंह ने 142 दिन का अर्जित अवकाश लिया
सुबे सिंह का कहना है कि आरोपी पुलिस कर्मचारियों ने मिलकर रघुबीर का चंडीगढ़ में तबादला करवा दिया। इसके बाद रघुबीर सिंह का तबादला वापस हिसार को गया। सुबे सिंह का कहना है कि हिसार आने के बाद आरोपी जीआरपी पुलिस कर्मचारी रघुबीर सिंह को तंग करने लगे। सुबे सिंह ने बताया कि आरोपियों से तंग आकर रघुबीर सिंह ने 142 दिन का अर्जित अवकाश लिया।
सुबे सिंह ने बताया कि इसके बाद आरोपी कर्मचारियों ने रीडर कशमीरा से रघुबीर सिंह के खिलाफ 31 सिंतबर 2023 को विभागीय जांच शुरू करवा दी। इस बात से वह काफी परेशान थे। सुबे सिंह ने आरोप लगाते हुए कहा कि इस मामले में एसपी संगीता कालिया भी शामिल है। उन्होने आरोप लगाते हुए कहा कि रघुबीर सिंह पर एससी एसटी एक्ट के तहत एक झुठा मुकदमा जीआरपी अम्बाला केंट मे दर्ज किया गया है। इसको लेकर रघुबीर सिंह परेशान रहने लगा। जिसके कारण शुक्रवार को रघुबीर सिंह ने ट्रेन से कटकर जान दे दी।