महिलाओं और ढाणी श्यामलाल के लोगों ने पिता द्वारा बेटे की हथौड़ा मारकर की गई हत्या मामले में पुलिस को खूब खरी-खरी सुनाई। लोगों ने कहा कि अगर मंत्री का कुत्ता भी मर जाए तो पुलिस पहुंच जाती है। गरीब आदमी की तो कोई वैल्यू ही नहीं।
उन्होंने कहा कि अगर पुलिस समय पर एक्शन ले लेती तो बच्चे की जान नहीं जाती। मृतक योगेश की बुआ संतोष ने कहा कि फिर ये चौकी क्यों खोल रखी है। इसे बंद करो। मौके पर पहुंचे डीएसपी जयपाल ने लोगों को शांत किया।
पटेल नगर की संतोष को पुलिस समझा-बुझाकर सब्जीमंडी चौकी ले गए। संतोष ने मौके पर मौजूद मिलगेट चौकी इंचार्ज संदीप को बयान दर्ज करवाए कि वह वारदात वाले दिन सुबह 9 बजे अपने भतीजे की जान को खतरा होने की शिकायत देने आई थी। मुंशी राजेंद्र वहां मौजूद था। उसने कोई कार्रवाई नहीं की, उसे लाइन हाजिर किया जाए।
शिकायत की कॉपी लेने पर अड़ीं महिलाएं
शिकायत दर्ज करवाने के बाद भी महिलाएं मौके पर कॉपी लेने के लिए अड़ गईं। पुलिस ने कहा कि ये फिलहाल नहीं मिलेगी। इस पर महिलाएं अड़ गईं और बोलीं ऐसे कैसे नहीं मिलेगी। हम कानून जानते हैं। पुलिस कर्मचारियों ने तुरंत उसकी रिसीविंग सहित अटैस्टिड कॉपी देकर उन्हें वहां से घर भेजा।
चार घंटे मासूम की बुआ को बैठाए रखा था थाने में, मुंशी लाइन हाजिर
सिर में हथौड़ा मारकर मासूम बेटे योगेश की हत्या करने के मामले में मृतक की बुआ ने मोहल्ले वालों के साथ मिलकर मिलगेट रोड पर जाम लगा दिया और सब्जीमंडी गेट तो ताला जड़ दिया। करीब 20 मिनट तक लोगों ने खूब रोष जताया।
उन्होंने आरोप लगाया कि मासूम को मारने से पहले ही पुलिस को योगेश के पिता के खिलाफ शिकायत दी गई थी। पुलिस अगर समय पर एक्शन लेती तो योगेश की जान बच जाती। मौके पर पहुंचे डीएसपी जयपाल ने लापरवाही कर्मचारी पर एक्शन लेने की बात कहकर जाम खुलवाया। पुलिस प्रशासन ने सब्जीमंडी थाना के मुंशी राजेंद्र को तुरंत प्रभाव से लाइन हाजिर कर दिया।
यह लगाया आरोप
मृतक मासूम योगेश की बुआ संतोष ने आरोप लगाया कि उसे अपने भतीजे के मारने का पहले ही अंदेशा था, जिसकी वह सुबह ही सब्जीमंडी चौकी में शिकायत दे आई थी। पहले वह मिलगेट चौकी में गईं थी, जहां से उसे सब्जीमंडी चौकी में भेज दिया गया।
वहां मुंशी ने उसे चार घंटे बैठाए रखा और कहा कि कुल सुबह कार्रवाई करेंगे। अगर समय पर एक्शन होता तो मासूम की जान नहीं। दूसरी बुआ वीना का आरोप था कि विवेक महता अपने बड़े भाई के यहां से योगेश को लेकर आया था। योगेश अपने ताऊ के पास चंडीगढ़ में रहता था। वह वहां से आने के लिए भी मना कर रहा था।
गुस्साए लोगों बोले, पहले कार्रवाई फिर खुलेगा जाम
मौके पर जब डीएसपी जयपाल पहुंचे तो परिजनों ने जाम खोलने से इनकार कर दिया। उन्होंने कहा कि पहले लापरवाह कर्मचारियों पर कार्रवाई हो। इसके बाद डीएसपी जयपाल मंडी चौकी में पहुंचे और मुंशी को लाइन हाजिर कर तुरंत वहां से भेज दिया। इसके बाद लोग शांत हुए और जाम खोला।
बेटे की दर्दनाक हत्या करने वाला पिता गिरफ्तार
पुलिस ने मासूम योगेश की हत्या करने वाले आरोपी पिता विवेक महता को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस रविवार को उसे कोर्ट में पेश करेगी। डीएसपी जयपाल ने बताया कि प्राथमिक जांच में पत्नी-पत्नी का आपसी विवाद होने के चलते व्यक्ति मानसिक तनाव में इस तरह की वारदात करने की बात सामने आई है। व्यक्ति बच्चे को पहले भी प्रताड़ित करता रहता था।