शुक्रवार को सतलोक आश्रम प्रकरण में हत्या समेत चार मामलों में रामपाल और उसके अनुयायियों की विभिन्न तीन अदालतों में पेशी हुई।
पेशी के दौरान दो लोगों की गवाहियां भी हुईं। हत्या के मामले की सुनवाई अब 25 जनवरी को होगी। अन्य तीनों मामलों में 1 जनवरी को वीडियो कांफ्रेंसिंग के जरिए पेशी होगी। 14 जनवरी को अदालत में पेशी होगी।
आरोपी रामपाल के एडवोकेट एपी सिंह ने बताया कि एफआईआर नंबर 426 (निषेधाज्ञा का उल्लंघन करना) के मामले में सुरेश कुमार और सुखदेव सिंह के बयान हुए।
उनके बयानों के दौरान क्रॉस सवाल किए गए। इस मामले में रामपाल के अलावा राजकपूर, राजेंद्र, वीरेंद्र, रामफल को न्यायिक दंडाधिकारी मुकेश कुमार की अदालत में पेश किया गया था। यह चारों लोग रामपाल के खास राजदारों में शामिल थे।
इसी अदालत में एफआईआर नंबर 427 (सरकारी कार्य में बाधा डालना) में भी सुनवाई हुई। इस मामले में रामपाल के अलावा पुरुषोत्तम, बलजीत, रामकुमार, राजेंद्र, प्रीतम उर्फ राजकपूर को अदालत में पेश किया गया। यह चारों भी रामपाल के खास 9 राजदारों की टीम में शामिल थे।
सिलेंडर की कालाबाजारी के आरोप में दर्ज एफआईआर नंबर 443 में न्यायिक दंडाधिकारी सोहन लाल की अदालत में सुनवाई हुई। इसमें चार्ज फ्रेम होने के बाद इस पर बहस हुई। इस मामले में अगली सुनवाई 14 जनवरी को होगी। इससे पूर्व 1 जनवरी को वीसी के जरिए पेशी होगी।
एडीजे एसके शर्मा की अदालत में हत्या के आरोप में दर्ज की गई एफआईआर नंबर 430 में भी सुनवाई हुई। इस मामले में रामपाल के अलावा वीरेंद्र, बबीता और अन्य को अदालत में पेश किया गया।
शहर में उमड़े रामपाल समर्थक
शुक्रवार को भी बड़ी संख्या में रामपाल समर्थक शहर में उमड़ आए थे। समर्थकों ने कई जगह पर डेरा डाल लिया था। रामपाल के अनुयायियों की हटाने के लिए पुलिस को दिन भर मशक्कत करनी पड़ी।
अदालत परिसर के पास तथा जेल के पास समर्थकों की संख्या ज्यादा रही। खास बात यह रही कि कैमरा देखते ही समर्थकों की भक्ति उमड़नी शुरू हो जाती है। कोई हाथ जोड़ लेता तो कोई सड़क पर लेट कर नमस्कार करने लगता।