प्यार में धोखा खाकर जान देने वाली एफसी कॉलेज की छात्रा ने अपनी दर्द भरी दास्तां 20 पन्नों में लिखी है। सुसाइड नोट के साथ पुलिस को उसके कॉलेज बैग में उसी दिन ये पन्ने बरामद हो गए थे। अभियुक्त अजय ने छात्रा को कितना प्रताड़ित किया शायद इन पन्नों पर लिखी लड़की की हर बात उसके दर्द को बयां कर रही है। वह इतनी आहत हो चुकी थी कि उसने अपने साथ बीती हर कहानी को कई घंटे तक कागज पर लिखती रही।
पहले किया रफ खाका तैयार, फिर लिखा फाइनल सुसाइड नोट
छात्रा के बैग से मिले 20 पन्नों के इस नोट को लिखते समय पहले रफ खाका तैयार किया। शायद लिखते समय वह कई बातें भूल गई। फिर उन बातों का इस नोट में जिक्र किया। कई पन्नों पर लिखी गई बातें भी उसने कई बार दोहराई। कहीं पेन से लिखा काटा भी गया। तो कहीं बीच में छूट गई अहम बात को नंबर वाली लाइन व डेट व पेज नंबर वाले स्थान पर भी लिखकर बताया। छात्रा द्वारा आत्महत्या करने से पहले उसके द्वारा लिखी गई हर बात उसने सोच समझकर लिखी गई प्रतीत हो रही है। बार बार लिखा काट देना और जो गलत लिखा उसे अच्छी तरह पढ़कर एडिट किया गया है।
अभियुक्त के चाचा द्वारा भी छेड़छाड़ करने का जिक्र
सुसाइड नोट में छात्रा ने लिखा है कि अजय का चाचा जो उनके घर अक्सर आता जाता था जब वह उसे अकेले घर में मिल जाती तो वह उससे छेड़छाड़ करता था। उसने लिखा है कि यह बात उसने कई जेई अजय को भी बताई मगर उसने हर बार यही कहा कि अगली बार देखेंगे।
असम से भी शादी का झांसा देकर ले आया था लड़की
छात्रा ने लिखा है कि अभियुक्त अजय असम से भी एक लड़की को शादी का झांसा देकर हिसार ले आया था। वह इस दौरान अपने विभाग के कुछ साथियों के साथ घूमने गया था। उसने यह लड़की ब्यूटी पार्लर की शॉप पर रखवा दी। ब्यूटी पार्लर के नाम पर देह व्यापार का धंधा करने वाली वह महिला जब अभियुक्त का मन चाहता तो इसके पास उस लड़की को भेज देती। वरना वह उसे अपने इशारे पर जहां चाहे वहां भेजती रहती थी। छात्रा को जब इस बात का पता चला तो उसने उसे वापस असम छोड़कर आने के लिए राजी किया। वह अपने एक दोस्त के साथ उसे दिल्ली तक छोड़कर आए और आगे ट्रेन में बैठाने की बात कही।
कई लड़कियों की जिंदगी की बर्बाद
अभियुक्त के बारे में लिखा गया है कि उसने एक नहीं कई लड़कियों की जिंदगी बर्बाद की है। ऐसे लोगों को तो वो सजा दी जाए उनकी जिंदगी कम पड़ जाए पर दर्द एक एक पल मिलता रहे। ताकि किसी की जिंदगी के साथ खिलवाड़ करने वाले हजार बार सोचें। सुसाइड नोट में लिखा है कि मेरे फोन में कई और कॉल व फोन नंबर की डिटेल है। इसकी कॉल के अलावा किसी को तंग मत करना। मैं नहीं चाहती मेरे जाने के बाद कोई मुझे बददुआ दे।
जेई अजय का डीएनए सैंपल लिया, मेडिकल भी कराया
एफसी कॉलेज छात्रा के सुसाइड मामले में मुख्य अभियुक्त जनस्वास्थ्य विभाग के जेई अजय खटकड़ का सिविल अस्पताल में सोमवार को डीएनए सैंपल लिए गए। चार दिन के रिमांड पर रहे अभियुक्त का मेडिकल चेकअप भी करवाया गया है।
सिटी पुलिस के सब इंस्पेक्टर संदीप अपनी टीम सहित अजय को डीएनए सैंपल के लिए सिविल अस्पताल लेकर पहुंचे। इमरजेंसी में काफी भीड़ होने के चलते उसे काफी देर तक इंतजार करना पड़ा। जेई का चेहरा मायूस नजर आ रहा था। इमरजेंसी के दो नंबर बेड पर इंतजार के दौरान उसे बैठाया गया। पुलिसकर्मी उसके साथ दोनों तरफ बैठ गए। हालांकि इस दौरान पुलिस कर्मी के साथ वह धीरे धीरे कुछ बातचीत करते नजर आया।
इमरजेंसी के बाहर लगी युवकों की भीड़, पुलिस ने खदेड़ा
जब जेई अजय को मेडिकल व डीएनए का सैंपल लेने के लिए सिविल अस्पताल में लाया गया तो इमरजेंसी वार्ड के सामने उसके साथी युवकों की भीड़ लग गई। एहतियात के तौर पर सिविल अस्पताल में तैनात पुलिस कर्मियों ने युवकों को वहां से खदेड़ दिया। युवक हालांकि इसके बाद इमरजेंसी के अंदर नहीं घुसे मगर इमरजेंसी के बाहर लगी कुर्सियों पर बैठकर सब कुछ देखते रहे। पुलिस सुरक्षा अधिक होने के चलते वे अजय से बात नहीं कर पाए। पुलिस ने भी सख्त रवैया अपनाया हुआ था।