अमर उजाला ब्यूरो
हिसार।
सीआईए टू ने बालसमंद के संदीप उर्फ दीप्ति की हत्या और एक करोड़ रुपये की चौथ मांगने वाले मामले के आरोपी बालसमंद के विकास को तीन दिन के रिमांड के बाद रविवार को कोर्ट में पेश किया। यहां से उसे जेल भेज दिया गया। दीप्ति का 20 अगस्त 2015 को गांव में गोलियां मारकर मर्डर किया गया था।
सीआईए टू की टीम ने चार दिन पहले गांव बालसमंद में भादरा अड्डे पर छापा मारकर बालसमंद के विकास को एक अवैध पिस्तौल समेत गिरफ्तार किया था। उसने पूछताछ में बताया था कि वह मोस्टवांटेड काणा के गैंग का है। वह काणा के कहने पर 10 अगस्त को थुराना के बिट्टू पहलवान की कोर्ट परिसर में हत्या करना चाहता था। बिट्टू की कोर्ट में तारीख थी। इसी इरादे से वह अपने गांव के बस अड्डे पर आया था कि इसी बीच पकड़ा गया। उसने पूछताछ में बताया था कि बालसमंद गांव के दीप्ति जांगड़ा की हत्या में वह भी शामिल था। पुलिस इस मामले में सात आरोपी पहले पकड़ चुकी है। एक आरोपी अभी फरार चल रहा है। पुलिस ने विकास की गिरफ्तारी पर 50 हजार रुपये का इनाम रखा था। उसने बताया था कि वह जेल में इंद्र गुर्जर पर हमले समेत छह वारदात में शामिल रहा है। सीआईए टू के एसआई भूपसिंह की टीम ने आरोपी को रविवार को कोर्ट में पेश किया। यहां से उसे जेल में भेज दिया गया।
काणा गैंग के विकास का दीप्ति हत्या मामले में रिमांड खत्म, भेजा जेल
दो साल पहले किया था मर्डर, पुलिस 50 हजार का रखा है इनाम