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फ्यूचर मेकर में 16 अधिकारी और सैकड़ों पुलिसकर्मियों के लगे हैं करोड़ों रुपये

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हिसार। जिले के अलावा प्रदेश और अन्य प्रदेशों के लोगों से धोखाधड़ी कर करोड़ों-अरबों रुपये ठगने वाली फ्यूचर मेकर कंपनी में न केवल आम लोगों ने पैसा लगाया हुआ है, बल्कि अधिकारियों के भी करोड़ों रुपये फंसे हुए हैं। खास बात यह है कि हिसार पुलिस के 16 अधिकारियों के साथ 200 से अधिक पुलिस कर्मचारियों के भी पैसे फंसे हुए हैं। ऐसे में माना जा रहा है कि इसी के चलते इस मामले में गठित एसआईटी की कार्रवाई न के बराबर रही है। अब इस मामले की जांच इकॉनोमिक सेल कर रही है।
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सूत्रों के अनुसार जिले में प्रशासन की नाक के नीचे हुए अरबों रुपये इस फ्रॉड में जिला पुलिस के अधिकारी भी अपना पैसा फंसाए हुए हैं। जिले के एक एसएचओ रैंक के अधिकारी ने तो 1.10 करोड़ रुपये लगाए हुए हैं। सूत्रों की मानें तो इस अधिकारी ने अपने घाटे को पूरा करने के लिए फ्यूचर मेकर से जुड़े अधिकारियों की एक गाड़ी उठा ली, जिसकी कीमत लगभग 62 लाख रुपये बताई जा रही है। इन अधिकारियों के अलावा सीआईए के छह अधिकारियों के एक करोड़ से अधिक रुपये फ्यूचर मेकर में लगे हुए हैं। जिले के छह एएसआई स्तर के अधिकारियों के भी लाखों रुपये लगे हुए हैं। इनके अलावा पुलिस लाइन में रहने वाले तीन इंस्पेक्टर स्तर के अधिकारियों ने लगभग 50 लाख रुपये फ्यूचर मेकर में लगाए हुए हैं। इनमें से दो अधिकारी जिले से बाहर तैनात हैं। सूत्रों के अनुसार पुलिस अधिकारियों के अलावा शहर में तैनात सैकड़ों पुलिस कर्मचारियों के भी लाखों रुपये इस कंपनी में फंसे हुए हैं।

प्रशासन की नाक के नीचे फलता-फूलता रहा कारोबार
ऐसा नहीं है कि पुलिस अधिकारियों के करोड़ों रुपये लगने का किसी को पता नहीं है। शहर में इस बात की हर चौक-चौराहे, नुक्कड़ पर चर्चा है। चर्चा में यह बात मुख्य होती है कि पुलिस के बड़े पैमाने पर इस कंपनी में पैसे लगे होने के कारण ही यह कंपनी प्रशासन की नाक के नीचे फलती-फूलती रही। अब चूंकि इसके फ्रॉड का खुलासा हो चुका है तो भी जिला पुलिस की कार्रवाई इसलिए ढीली है, क्योंकि उसके अधिकारियों के रुपये इसमें फंसे हैं।
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एसआईटी की कार्रवाई न के बराबर
फ्यूचर मेकर कंपनी के हिसार रेड स्क्वेयर मार्केट स्थित कार्यालय को 8 सितंबर को सील किया गया था, जबकि फतेहाबाद में फ्यूचर विजन कंपनी का फ्रॉड 20 सितंबर को सामने आया था। उसके बाद से फतेहाबाद एसआईटी ने फ्यूचर विजन मामले में फतेहाबाद, हिसार सहित धड़ाधड़ छापेमारी की। उसने आदमपुर में छापा मारकर एक फैक्टरी को सील किया, जिससे कंपनी को प्रोडक्ट सप्लाई किए जाते थे। हिसार में तीन खाते भी फ्रीज किए, जो फ्यूचर विजन कंपनी के अधिकारियों के थे। इसके विपरीत हिसार में फ्यूचर मेकर कंपनी के मामले में गठित एसआईटी ने बड़ी कार्रवाई नहीं की है। आदमपुर में जिस फैक्टरी पर फतेहाबाद की एसआईटी ने कार्रवाई की, उसी फैक्टरी से फ्यूचर मेकर भी प्रोडक्ट तैयार करवाती थी और हिसार आकर फतेहाबाद एसआईटी टीम कार्रवाई कर जाती है, लेकिन हिसार पुलिस चुप्पी साधे हैं। यदि देखा जाए तो फ्यूचर मेकर में जो भी कार्रवाई हो रही है, वह तेलंगाना पुलिस ही कर रही है।

इस मामले की तफ्तीश मेरे पास दो दिन पहले ही आई है। ऐसा सामने नहीं आया है कि किसी पुलिस अधिकारी या कर्मचारी का पैसा भी इसमें लगा है। यदि कोई पुलिस अधिकारी या कर्मचारी अपने साथ हुए फ्रॉड की शिकायत करता है तो उस दिशा में भी जांच करेंगे।
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-इंस्पेक्टर संदीप कुमार, इंचार्ज इकॉनोमिक सेल, हिसार
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