हिसार। उकलाना के पास लितानी के पेट्रोल पंप संचालक से रिश्वत लेने के मामले में वांछित सीआईए के सब-इंस्पेक्टर नर सिंह ने मंगलवार को हिसार की अदालत में आत्मसमर्पण कर दिया। अदालत में सरेंडर होते ही एंटी करप्शन ब्यूरो (एसीबी) की टीम ने उसे गिरफ्तार कर लिया। एसीबी के जांच अधिकारी इंस्पेक्टर सुरेंद्र राणा ने बताया कि आरोपी नर सिंह को अदालत ने दो दिन के पुलिस रिमांड पर भेजा है। रिमांड के दौरान उससे मामले से जुड़े कई अहम बिंदुओं पर पूछताछ की जाएगी।
इंस्पेक्टर राणा ने बताया कि इस मामले में सीआईए-2 हिसार के तत्कालीन इंचार्ज इंस्पेक्टर कपिल सिहाग, एएसआई संदीप सिहाग, कांस्टेबल अजय, कांस्टेबल संदीप और बिचौलिया रिछपाल को पुलिस पहले ही गिरफ्तार कर चुकी है। एसीबी ने सभी के खिलाफ जांच पूरी कर कोर्ट में चालान प्रस्तुत कर दिया है। इस केस में फिलहाल ट्रायल चल रहा है। सभी आरोपी पहले ही अदालत से जमानत ले चुके हैं। पीड़ित पक्ष के अधिवक्ता ने बताया कि इसी मामले में आरोपी रमेश कुमार ढाका भी हाईकोर्ट के आदेश पर जांच में शामिल हो चुका है।
-
कैसे हुआ था रिश्वत कांड का खुलासा
उकलाना निवासी अमन ने 24 अक्तूबर 2024 को एसीबी में शिकायत दर्ज करवाई थी। शिकायत में बताया कि 10 अक्तूबर 2024 को जब वह अपनी कार में पेट्रोल पंप की ओर जा रहा था, तभी हिसार सीआईए-2 की टीम ने कार रुकवाकर उसे जबरन अपने वाहन में बिठाया और थाने ले गए। अमन के अनुसार वहां मौजूद इंस्पेक्टर कपिल सिहाग और अन्य पुलिसकर्मियों ने उसे डराया कि वे उसे राजा गुर्जर और विक्रम लाडवा से जुड़ी जमीन कब्जा करने वाली वारदात में आरोपी बना देंगे। इतना ही नहीं, अवैध पिस्तौल रखने का मुकदमा दर्ज करके उसकी संपत्ति भी अटैच करवा दी जाएगी।
आरोप है कि अमन ने खुद को बेगुनाह बताया, तो उसके कपड़े उतरवाकर उसे कुर्सी से बांध दिया और धमकाया गया। अमन ने बताया कि बाद में उसका चाचा रिछपाल और रमेश ढाका थाने पहुंचे। उन्होंने पुलिस टीम से बात की तो पुलिसवालों ने 30 लाख रुपये की रिश्वत मांगी। बाद में सौदा 17.50 लाख रुपये में तय हुआ। इसके बाद पुलिसकर्मियों ने अमन से कुछ कागजातों पर जबरन हस्ताक्षर करवाए और एक सप्ताह में पैसे लाने के लिए कहा। रिछपाल ने कहा कि तुम पुलिसकर्मियों को 17.50 लाख रुपये दे देना, तुम पर कोई केस नहीं बनने दूंगा। इसके बाद शिकायत की पुष्टि के बाद एसीबी ने अमन को 5.80 रुपये देकर भेजा। जैसे ही अमन ने रिछपाल को 5.80 लाख रुपये दिए, एसीबी ने उसे पकड़ लिया। पूछताछ में उसने कपिल सिहाग, अजय और संदीप का नाम नाम लिया। इसके बाद एसीबी ने सीआईए 2 के इंचार्ज रहे इंस्पेक्टर कपिल सिहाग को गिरफ्तार किया गया था। द