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Hisar News: रट्टा लगाकर नहीं, बच्चे कहानी-कॉमिक्स से सीखेंगे भाषा और गणित

Wed, 23 Sep 2026 01:57 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, हिसार
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हिसार। प्राथमिक कक्षाओं के बच्चों के लिए पढ़ाई को आसान और रोचक बनाने की दिशा में कहानी और कॉमिक्स का सहारा लिया जाएगा। कक्षा में बच्चों को सिर्फ पाठ पढ़ाने और सवालों के जवाब रटवाने के बजाय कहानी के पात्रों और संवादों के जरिए विषय समझाए जाएंगे। इसके लिए तैयार की गई कॉमिक्स में चीकू, पिंकी, गप्पू समेत आठ किरदार होंगे जो बच्चों को भाषा और गणित की शुरुआती अवधारणाओं से रूबरू कराएंगे। कहानी में आगे क्या होगा, पात्र क्या करेंगे और समस्या का समाधान कैसे निकलेगा जैसे सवालों के जरिए बच्चों को सोचने के लिए प्रेरित किया जाएगा। इससे बच्चों में सवाल पूछने, जवाब तलाशने और अपनी बात कहने की आदत विकसित होगी। शिक्षण प्रक्रिया में बदलाव का मुख्य उद्देश्य बच्चों को सीखने की ओर ले जाना है। प्राथमिक कक्षाओं में कई बार बच्चे जोड़-घटाव, संख्या पहचान, शब्दों और वाक्य निर्माण जैसी बुनियादी अवधारणाओं को याद तो कर लेते हैं लेकिन उनका इस्तेमाल करना कठिन होता है। कॉमिक्स और कहानी आधारित गतिविधियों में इन्हीं अवधारणाओं को रोजमर्रा की परिस्थितियों से जोड़कर समझाने का प्रयास किया जाएगा।
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आठ किरदारों के जरिए अलग-अलग गतिविधियां
कॉमिक्स में आठ किरदार बच्चों के साथ संवाद करते नजर आएंगे। कहानी के दौरान कभी गणित की पहेली सामने आएगी तो कभी भाषा से जुड़ा सवाल होगा। बच्चे पात्रों के साथ आगे बढ़ते हुए उत्तर तलाशेंगे। इस तरह सीखने की प्रक्रिया एकतरफा न होकर संवाद और गतिविधि आधारित होगी।
खेल-खेल में समझेंगे गणित की बारीकियां
गणित को आसान बनाने के लिए जोड़, घटाव, संख्या और अन्य शुरुआती अवधारणाओं को कहानी के प्रसंगों से जोड़ा है। उदाहरण के तौर पर किसी पात्र के सामने वस्तुओं की गिनती या जोड़-घटाव से जुड़ी समस्या रखी जाएगी और बच्चे कहानी के साथ उसका हल निकालेंगे। इससे गणित के सवालों को केवल लिखकर हल करने के बजाय परिस्थिति को समझकर उत्तर निकालने की आदत विकसित होगी।
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बच्चों की भागीदारी बढ़ाने पर जोर
कहानी और कॉमिक्स आधारित पढ़ाई में बच्चों को सिर्फ सुनने या लिखने तक सीमित नहीं रखा जाएगा। उनसे कहानी के पात्रों, घटनाओं और समस्याओं को लेकर सवाल किए जाएंगे। बच्चे अपने स्तर पर जवाब सोचेंगे और चर्चा में हिस्सा लेंगे। इससे कक्षा में उनकी सक्रिय भागीदारी बढ़ाने के साथ सीखने की प्रक्रिया को अधिक सहज बनाने का प्रयास होगा।

कॉमिक्स में संवादों और कहानी के माध्यम से बच्चों को नए शब्दों, वाक्यों और उनके प्रयोग से परिचित कराया जाएगा। पात्रों के बीच होने वाली बातचीत बच्चों को भाषा समझने और अपनी बात सही तरीके से रखने में मदद करेगी। शिक्षक भी कहानियों को कक्षा में पढ़ाते समय बच्चों से सवाल-जवाब करेंगे। - राकेश चराया, बीईओ, हिसार
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