हांसी, हिसार। सिसाय कालीरामण में 40 से अधिक गांवों के किसानों की महापंचायत ने 20 फरवरी को दाता सिंह वाला व शंभू बार्डर की ओर कूच का एलान किया है। इससे पहले 18 फरवरी को किसान अपने-अपने गांव में ट्रैक्टर मार्च निकालेंगे। सिसाय गांव के सरपंच राजेश सिहाग की अध्यक्षता में हुई इस पंचायत ने आंदोलन को लेकर 50 सदस्यीय कमेटी का गठन किया है। महापंचायत ने 16 फरवरी के भारत बंद का समर्थन किया है। दूसरी ओर संयुक्त किसान मोर्चा के सदस्यों ने लघु सचिवालय के बाहर पीएम व सीएम का पुतला फूंका। शुक्रवार को सड़क को जाम करने का एलान किया।
जिले के करीब 40 से अधिक गांवों के प्रतिनिधि सिसाय गांव के अखिल भारतीय कालीरामण भवन में एकत्रित हुए। आगामी निर्णय के लिए सभी गांव से एक-एक प्रतिनिधि को शामिल कर 50 सदस्यीय कमेटी का गठन किया गया। कमेटी में किसान संगठन के पदाधिकारियों को शामिल किया गया। महापंचायत के बाद करीब एक घंटा कमेटी ने बैठक कर निर्णय लिया, जिसमें एलान किया कि 16 फरवरी को विभिन्न ट्रेड यूनियनों के भारत बंद अभियान का समर्थन करेंगे।
भारत बंद के दौरान खरीदारी न कर यूनियनों का सहयोग करने की अपील की। बैठक में निर्णय लिया गया कि 18 फरवरी को हर गांव के ग्रामीण अपने-अपने क्षेत्र में पंजाब के किसानों के समर्थन में ट्रैक्टर ट्राॅली लेकर फ्लैग मार्च निकालेंगे। सरकार को चेतावनी देते हुए कहा कि अगर 19 फरवरी तक किसानों की मांगों को पूरा नहीं किया तो 20 फरवरी को हरियाणा के किसान ट्रैक्टर ट्रॉलियों के साथ लाखों की संख्या में दाता सिंह वाला व शंभू बॉर्डर की ओर कूच करेंगे। वहां जाकर पंजाब के किसानों को बॉर्डर पार करवाएंगे। बैठक में किसान नेता रवि आजाद, विकास सीसर, कुलदीप खरड़, कैलाश मलिक, सूबेदार रणबीर मलिक, राजेश शर्मा, मनोज बूरा, राजू सिहाग सहित काफी संख्या में किसान मौजूद रहे।
पत्रकारों से बातचीत करते हुए किसान नेता रवि आजाद ने कहा कि देश का किसान अपनी मांगों को लेकर राजधानी दिल्ली में जाना चाहता है। किसानों को दिल्ली जाने से रोकने के लिए सरकार ने सभी रास्तों को बंद कर दिया है। ये वही किसान हैं जिन्होंने पहले भी 13 महीने तक दिल्ली में सफल आंदोलन किया था, जिसमें करीब 750 किसानों ने जान गंवाई लेकिन पीछे नहीं हटे थे। आंदोलन को सफल बनाने के लिए किसान गांव-गांव जाकर जागरूकता अभियान चलाएंगे।
पुलिस प्रशासन रहा अलर्ट...
सिसाय गांव में हुई महापंचायत के दौरान किसानों की बातों को सुनने के लिए एसडीएम मोहित महराणा, नायब तहसीलदार संदीप शर्मा सहित पुलिस के आलाधिकारी मौजूद रहे। करीब तीन घंटे चली किसानों की बैठक पूरी होने तक प्रशासन व पुलिस के अधिकारी भवन के आसपास घूमते रहे। अधिकारी महापंचायत की पल-पल की गतिविधियों पर नजर रखे हुए थे।
पीएम- सीएम का पुतला फूंका,आज रोड जाम करेंगे
संयुक्त किसान मोर्चा के सदस्यों की बैठक लघु सचिवालय के बाहर चल रहे धरना स्थल पर हुई, जिसमें 16 फरवरी को दोपहर 12 से शाम 4 बजे तक जिले में सड़क पर जाम लगाने का फैसला लिया गया। सतबीर धायल, राजीव मलिक ,सूबे सिंह बूरा, बिमला तरड़ के नेतृत्व में सरकार की दमनात्मक कार्रवाई के विरोध में प्रधानमंत्री व प्रदेश के मुख्यमंत्री का पुतला फूंका गया। किसान सभा के तहसील प्रधान सूबे सिंह बूरा ने बताया कि किसानों पर गोलियां, आंसू गैस, पानी की बौछार, लाठियों से हमला असहनीय है। किसान सरकार का यह जुल्म सहन नहीं करेंगे। इस जुल्म के खिलाफ अब निर्णायक लड़ाई लड़ेंगे।