सर्टिफिकेट के साथ कोच अनीता मलिक
हिसार। खेल विभाग की वुशु कोच अनीता मलिक अब खिलाड़ियों को अंतरराष्ट्रीय तकनीक से तैयार करेंगी। हाल ही में वह चीन से सेकंड एशिया वुशु कोचिंग कोर्स पूरा करके लौटी हैं। सात दिन तक चले इस प्रशिक्षण में उन्हें वुशु की नई-नई तकनीकें, नियम और मुकाबले की रणनीतियों की गहराई से जानकारी दी गई।
कोच अनीता ने बताया कि चीन के खिलाड़ी कैसे खेलते हैं, किस तरह तकनीक का इस्तेमाल करते हैं और विरोधी पर वार की टाइमिंग कैसे तय करते हैं ये सब कुछ उन्होंने वहां से सीखा है। अब वही अनुभव वह हिसार के खिलाड़ियों को भी सिखाएंगी, जिससे आगामी प्रतियोगिताओं में उन्हें फायदा होगा।
कोच अनीता मलिक का कहना है कि किसी खिलाड़ी को ऊंचाई तक पहुंचाने के लिए सिर्फ अभ्यास नहीं बल्कि एडवांस ट्रेनिंग की जरूरत होती है। उन्होंने कहा कि जैसे खिलाड़ी को तराशना जरूरी है वैसे ही कोच को भी समय-समय पर खुद को अपडेट करते रहना चाहिए।
हिसार लौटने पर कोच अनीता मलिक का गर्मजोशी से स्वागत किया गया। उन्होंने वुशु एसोसिएशन ऑफ इंडिया के सीईओ सुहेल अहमद, हरियाणा वुशु एसोसिएशन के उपाध्यक्ष राजीव डागर और डॉ. राममेहर का आभार जताया।
2018 से दे रहीं कोचिंग
कोच अनीता मलिक 2018 से खेल विभाग में सेवाएं दे रही हैं और इस वक्त महाबीर स्टेडियम में वुशु खिलाड़ियों को प्रशिक्षित कर रही हैं। उन्होंने बताया कि जब उन्होंने प्रशिक्षण देना शुरू किया था, उस समय वुशु को जानने वाले लोग बहुत कम थे। लेकिन अब हालात बदल चुके हैं। फिलहाल उनके पास 60 से 70 खिलाड़ी नियमित अभ्यास करते हैं। उनके शिष्यों में अरुण, राजू और विवेक कुमार जैसे खिलाड़ी अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पदक जीत चुके हैं। वहीं खिलाड़ी अंकुश ने खेल कोटे से एयरफोर्स में नौकरी हासिल की है। अब तक 150 से अधिक खिलाड़ी राज्य और राष्ट्रीय स्तर पर पदक जीतकर जिले का नाम रोशन कर चुके हैं।