हांसी: वाल्मीकि समाज के घर प्रेम सिंह मलिक से बातचीत करतीं बाल विवाह निषेध अधिकारी बबीता चौधरी। स
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हांसी। जिला बाल विवाह निषेध अधिकारी बबीता चौधरी द्वारा जातिसूचक शब्दों के इस्तेमाल का आरोप लगाते हुए अनुसूचित जाति के कुछ लोगों ने एसपी से शिकायत की थी। इस मामले में आठ दिन बाद मंगलवार को एसपी के हस्तक्षेप के बाद कांग्रेस पार्टी के वरिष्ठ नेता प्रेम सिंह मलिक के प्रयासों से दोनों पक्ष के बीच सहमति बन गई। जिला बाल विवाह निषेध अधिकारी ने अनुसूचित समाज के व्यक्ति के घर जाकर खेद जताया।
सोमवार को अनुसूचित जाति समाज के लोगों ने सैकड़ों की संख्या में एकत्रित होकर लघु सचिवालय पर प्रदर्शन करते हुए एसपी नितिका गहलोत से मुलाकात की थी। ये लोग बबीता चौधरी पर केस दर्ज कराने की मांग कर रहे थे। कांग्रेस पार्टी के वरिष्ठ नेता प्रेम सिंह मलिक ने बताया कि एसपी नितिका गहलोत ने इस मामले को शांत करवाने के लिए 10 सदस्यीय कमेटी बुलाकर बातचीत की और मामले को शांत करवाने का प्रयास किया। मंगलवार को बबीता चौधरी ने गांव उमरा में वाल्मीकि समाज के घर जाकर खेद व्यक्त किया।