चरखी दादरी। साइबर थाना पुलिस ने पीएम मुद्रा लोन योजना के तहत लोन दिलाने का झांसा देकर 1.09 लाख की ठगी करने के आरोपी वेस्ट दिल्ली निवासी अनिल को रविवार को गिरफ्तार किया है। आरोपी के कब्जे से मोबाइल फोन व एटीएम कार्ड बरामद किया है। सोमवार को आरोपी को अदालत में पेश किया, जहां से उसे न्यायिक हिरासत में भेज दिया।
पुलिस प्रवक्ता योगेश कुमार ने बताया कि 22 जून 2025 को द्वारका निवासी बलबीर ने शिकातय में बताया था कि जनवरी और फरवरी 2025 में उनके गांव में अनिल नामक व्यक्ति आया। उसने खुद को सरकारी कर्मचारी बताया और गांव-गांव जाकर सरकार की योजनाओं के तहत लोन दिलाने की बात कही। उसने बताया कि प्रधानमंत्री मुद्रा योजना के नाम से योजना चल रही जिसके तहत तीन लाख रुपये लोन के रूप में और 70 हजार रुपये सब्सिडी के दिए जाएंगे।
शिकायतकर्ता ने विश्वास कर फोटो, आधार डिटेल देकर मोबाइल से पंजीकरण करवा लिया। इसके बाद आरोपी कई बार गांव आया और बहाने से उसका मोबाइल लेता रहा। बलबीर ने बताया कि बाद में उसे पता चला कि अनिल नाम के व्यक्ति ने उसके भाई हनुमत व गांव के अन्य लोगों के भी रजिस्ट्रेशन कर रुपये ऐंठे हैं।
पहले भी दर्ज मिलीं 7 शिकायतें
जांच के दौरान दादरी पुलिस को पता चला कि धोखाधड़ी की रकम जिन बैंक खातों में ट्रांसफर हुई थी और जिन मोबाइल नंबरों का प्रयोग किया गया था, इन पर पहले भी सात ऑनलाइन शिकायतें दर्ज हैं। ठगी की रकम इंडसइंड बैंक व एक अन्य बैंक के खातों में भेजी गई, जिनका खाताधारक अनिल कुमार था। पुलिस जांच में सामने आया कि आरोपी ने ग्रामीणों के बैंक खातों से अपने इक्विटास बैंक के खाते में कुल 11, 400 रुपये और इंडसइंड बैंक खाते में 97,949 रुपये ट्रांसफर किए थे। रविवार को पीएसआई अंकित ने आरोपी अनिल को वेस्ट दिल्ली से दबोचा था।