अमर उजाला ब्यूरो
हिसार। शिक्षा बोर्ड भिवानी उच्च न्यायालय के आदेशों की पालना नहीं कर रहा है। उच्च न्यायलय के आदेश हैं कि स्कूलों में पढ़ने वाले दिव्यांग विद्यार्थियों के एग्जाम सेंटर उन्हीं स्कूलों में आने चाहिए, जिनमें दिव्यांग विद्यार्थियों के दाखिले हैं। 7 व 8 मार्च से एचबीएसई के 10वीं व 12वीं कक्षा की वार्षिक परीक्षाएं शुरू होनी हैं।
इन परीक्षाओं के लिए एग्जाम सेंटर अलॉट करने के लिए दिव्यांग विद्यार्थियों की अनदेखी हुुई है। दिव्यांग विद्यार्थियों के एग्जाम सेंटर दूसरे स्कूलों मे अलॉट कर दिए हैं। जिले में दसवीं व बारहवीं कक्षा के करीब 40 से 50 विद्यार्थी हैं। परीक्षा के दौरान इन सभी को भारी परेशानी का सामना करना पड़ेगा। हिसार वन के गवर्नमेंट सीनियर सेकेंडरी स्कूल पटेल नगर चार विद्यार्थियों के साथ ऐसा हुआ है। पटेल नगर स्कूल के 12वीं कक्षा के दिव्यांग छात्र प्रिंस का एग्जाम सेंटर पटेल नगर से करीब चार किलोमीटर दूर एफसी स्कूल में अलॉट किया है। पटेल नगर स्कूल की ही 12वीं कक्षा की दिव्यांग छात्रा मनीषा का सेंटर भी एफसी स्कूल में ही अलॉट किया है। राजकीय कन्या वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय गंगवा की 10वीं कक्षा की छात्रा प्रियंका का सेंटर हिसार मॉडल टाउन स्कूल में अलॉट हुआ है। वहीं राजकीय उच्च विद्यालय मिर्जापुर के दिव्यांग छात्र तेजस का सेंटर भी दूसरे स्कूल मे अलॉट कर दिया गया है।
प्रदेश के सभी दिव्यांग विद्यार्थियों की हमारे पास पूरी डिटेल नहीं है। इस वजह से दिव्यांग छात्रों के सेंटर दूसरे स्कूलों में अलॉट हो गए हैं। जिस भी दिव्यांग विद्यार्थी को अलॉट हुए सेंटर तक जाने में परेशानी होती है, उसका सेंटर हम बदल देंगे।
- जगबीर सिंह, चेयरमैन, हरियाणा शिक्षा बोर्ड भिवानी