हिसार। पदनाम बदलने और वेतन न मिलने के विरोध में 23 मार्च शहीदी दिवस को प्रदेश भर के कर्मचारी पिपली (कुरुक्षेत्र) में मुख्यमंत्री सैनी के आवास का घेराव करेंगे। समस्या का समाधान नहीं हुआ तो 4,000 एलसीएलओ कर्मचारी, उनके परिवार और रिश्तेदार आगामी चुनावों में मतदान नहीं करेंगे। हिसार के प्रतिनिधिमंडल ने टाउन पार्क में अपने नेताओं के साथ बैठक कर कुरुक्षेत्र में चल रहा धरना तेज करने की रणनीति बनाई।
एलसीएलओ कर्मचारी यूनियन के जिला प्रधान सुरेंद्र जांगड़ा ने बताया कि 19 सितंबर 2025 से कुरुक्षेत्र में धरना जारी है। यूनियन ने आर-पार की लड़ाई का मन बना लिया है। क्रीड के तहत एलसीएलओ पद के लिए परीक्षा हुई थी लेकिन चयन के बाद आधे युवाओं का पदनाम बदलकर अन्य रूप में कर दिया गया। बाकी कर्मचारियों को एलसीएलओ बनाया गया। एलसीएलओ कर्मचारियों को 18 महीने से काम और वेतन नहीं मिला जबकि क्रीड पंचायत लोकल ऑपरेटर (सीपीएलओ) को मात्र 6,000 रुपये मिल रहे हैं।
इस अवसर पर संगठन के उपप्रधान सुमित, उमेद किरमारा, राजेश बोबुआ, उप राज्य प्रधान प्रदीप राजली सहित अन्य मौजूद रहे।