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ट्रस्ट के संयुक्त सचिव ने वीडियो कॉन्फ्रेंस से की दिव्यांगों को मिलने वाली सुविधाओं की समीक्षा

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अमर उजाला ब्यूरो
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हिसार।
मानसिक दिव्यांगों के कानूनी संरक्षक प्रमाण पत्र बनाने की प्रक्रिया को आसान करने के लिए नेशनल ट्रस्ट की ओर से अब ऑनलाइन पंजीकरण करते हुए सर्टिफिकेट जारी किए जाएंगे। यह जानकारी भारत के नेशनल ट्रस्ट के संयुक्त सचिव मुकेश कुमार ने सभी जिलों के अधिकारियों के साथ आयोजित वीडियो कॉन्फ्रेंस के दौरान दी। जिला समाज कल्याण अधिकारी डॉ. दलबीर सिंह सैनी ने संयुक्त सचिव को जिला में दिव्यांगों के लिए मुहैया करवाई जा रही सुविधाओं व प्रावधानों के बारे में विस्तार से जानकारी दी। संयुक्त सचिव मुकेश कुमार ने कहा कि मानसिक रूप से दिव्यांग प्रत्येक व्यक्ति को अपनी प्रोपर्टी की देखरेख तथा पेंशन आदि प्राप्त करने में किसी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े, इसके लिए उन्हें उचित गार्जियनशिप की जरूरत होती है। उनकी सुविधा के अनुसार उनका संरक्षक बनाने के लिए भारत सरकार ने कानूनी संरक्षक प्रमाण पत्र जारी करने की प्रक्रिया को ऑनलाइन करते हुए इसे आसान बनाया गया है।
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अब वेबसाइट पर जाकर कर सकते हैं रजिस्ट्रेशन
अब कोई भी व्यक्ति नेशनल ट्रस्ट की वेबसाइट पर जाकर अपना रजिस्ट्रेशन करवा सकता है और सरल औपचारिकताएं पूरी करके गार्जियनशिप प्राप्त कर सकता है। उन्होंने बताया कि संबंधित जिले के उपायुक्त जिला स्तरीय लोकल लेवल कमेटी के चेयरमैन हैं और जिला रेडक्रॉस सोसायटी इसकी रजिस्टर्ड ऑर्गेनाइजेशन है। हिसार में जिला स्तर पर गठित कमेटी में दिव्यांग सदस्य के रूप में कर्ण सिंह भाटला को शामिल किया गया है जो दिव्यांगों को प्रमाण पत्र दिलवाने में मदद करेंगे। ऑनलाइन मिलने वाले आवेदनों पर कार्रवाई करते हुए जिला स्तरीय कमेटी दिव्यांगों को सर्टिफिकेट जारी करेगी। जिला समाज कल्याण अधिकारी डॉ. डीएस सैनी ने बताया कि कानूनी संरक्षण के लिए 4 श्रेणियों में दिव्यांगों को सम्मिलित किया गया है। इसके तहत मानसिक दिव्यांग, सेरिब्रल पैल्सी, मल्टीपल डिसएबिलिटी तथा ऑटिज्म से ग्रस्त व्यक्तियों को लाभ प्रदान किया जाएगा। इन दिव्यांगों के जीवन को सरल बनाने तथा उन्हें अच्छा जीवन जीने की सुविधाएं मुहैया करवाने में कानूनी संरक्षण प्रमाण पत्र बहुत महत्वपूर्ण होते हैं। इससे दिव्यांगजन अपनी सुविधा अनुसार किसी भी पारिवारिक या अपने हितकारी व्यक्ति को अपना संरक्षक बनाकर उसके माध्यम से सरकारी योजनाओं तथा अपनी प्रोपर्टी से होने वाले लाभ प्राप्त कर सकते हैं। उन्होंने बताया कि अधिक से अधिक लोगों तक इस जानकारी को पहुंचाकर दिव्यांगजनों को उनके अधिकारों के प्रति जागरूक करते हुए उन्हें योजनाओं का लाभ उठाने के लिए प्रेरित किया जाएगा। वीडियो कॉन्फ्रेंस में डीएसडब्ल्यूओ डॉ. डीएस सैनी, प्रोजेक्ट डायरेक्टर डिंपल सिंधू, मनोवैज्ञानिक मनीषा पानू, रेड क्रॉस सचिव रविंद्र लोहान व लेखाकार राहुल भी मौजूद रहे।
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अब ऑनलाइन बनेंगे मानसिक दिव्यांगों के कानूनी संरक्षक
फोटो संख्या 08
नेशनल ट्रस्ट के संयुक्त सचिव ने वीडियो कान्फ्रेंस से दी जानकारी
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