फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

जेसीबी ने 20 मिनट में ढहा दी सरकारी जमीन पर 17 साल से बनी अवैध फूल मार्केट

विज्ञापन
विज्ञापन
जेसीबी ने 20 मिनट में ढहा दी सरकारी जमीन पर 17 साल से बनी अवैध फूल मार्केट
विज्ञापन

हिसार। नगर निगम प्रशासन ने आखिरकार लंबी जद्दोजहद के बाद आर्य समाज मंदिर के सामने बनी फूल मार्केट से कब्जा हटवा दिया। जेसीबी ने मात्र 20 मिनट में ही सरकारी जमीन पर 17 साल से बनी इस अवैध मार्केट को ध्वस्त कर दिया। जेसीबी चालक ने शाम चार बजकर 12 मिनट पर ढहाना शुरू किया और 4:32 बजे तक दुकानें मलबे में तबदील हो गईं। अब नगर निगम प्रशासन मलबा हटवाकर यहां पर गाड़ियों के लिए पार्किंग बनाएगा, ताकि बाजारों में आने वाले वाहनों को ढंग से पार्किंग में लगाया जा सके।
गौरतलब है कि 1992 में नगर सुधार मंडल व नगरपालिका के तत्कालीन प्रशासक की ओर से नागोरी गेट पर सड़क पर बैठकर फूल बेचने वालों को आर्य समाज मंदिर के सामने जगह उपलब्ध करवाई थी। मगर ज्यों-ज्यों यहां बाजार का विस्तार हुआ और ट्रैफिक बढ़ा तो निगम प्रशासन ने इस जगह पर पार्किंग बनाने का प्लान बनाया। इसीलिए इस जगह को खाली करवाने की प्रक्रिया आगे बढ़ी।
विज्ञापन

सुबह से इंतजार करते रहे कर्मचारी, अधिकारी आए सवा तीन बजे
नगर निगम प्रशासन की ओर से बुधवार का दिन अवैध फूल मार्केट पर कार्रवाई के लिए तय किया गया। इसलिए स्वच्छता और तहबाजारी शाखा के कर्मचारियों को सुबह 10 बजे ही मार्केट में भेज दिया। दिनभर कर्मचारी अधिकारियों के आने का इंतजार करते रहे। दोपहर साढ़े 12 बजे इंतजार करके कर्मचारी वापस चले गए। उन्हें दोबारा दोपहर 2:30 बजे का समय देकर बुलाया गया। फिर भी निगम के अधिकारी सवा तीन बजे मार्केट पहुंचे। एमई अमित कौशिक, बिल्डिंग इंस्पेक्टर अमित बेरवाल ने आते ही दुकानदारों को अपना सामान खाली करने के लिए कहा। तभी सिटी एसएचओ मनदीप सांगवान भारी पुलिस फोर्स के साथ मार्केट पहुंचे। उनके पीछे ड्यूटी मजिस्ट्रेट तहसीलदार विनय चौधरी, निगम के डिप्टी म्यूनिसिपल कमिश्नर प्रदीप कुमार, एमई सुरेश गोयल भी पहुंच गए।
मार्केट प्रधान ने दिखाए कागजात, लेकिन नहीं बनी बात
जैसे ही ड्यूटी मजिस्ट्रेट आए तो मार्केट प्रधान संजय चौहान ने उन्हें हाईकोर्ट के कागजात दिखाकर कार्रवाई नहीं करने के लिए कहा। मगर ड्यूटी मजिस्ट्रेट तहसीलदार विनय चौधरी ने कहा कि इन कागजातों में इस कार्रवाई को रोकने संबंधी कोई बात नहीं लिखी गई है। इसलिए फिलहाल अवैध कब्जे को हटाने से नहीं रोका जा सकता है। इसके बाद उन्होंने जेसीबी चालक को दुकानें तोड़ने के आदेश जारी कर दिए।
विज्ञापन

हाईकोर्ट के आदेशों की अवहेलना का लगाया आरोप
निगम प्रशासन पर हाईकोर्ट के आदेशों की अवहेलना का आरोप लगाते हुए मार्केट प्रधान संजय चौहान ने दुकानें तोड़ने पर कड़ा रोष व्यक्त किया। चौहान ने कहा कि फूल मार्केट का मामला अदालत में विचाराधीन है। इस मामले में अगली सुनवाई 19 फरवरी को होनी है, तब तक प्रशासन को अपनी कार्रवाई रोकनी चाहिए थी। फूल मार्केट की दुकानों का केस हाईकोर्ट में सीडब्ल्यूपी-26106-2015 में 14 दिसंबर 2015 व सीडब्ल्यूपी-25610-2014 के तहत विचाराधीन है। चौहान ने बताया कि नगर सुधार मंडल के सचिव गिरधर गोपाल ने भी शपथ पत्र हाईकोर्ट में दिया था कि सिविल कोर्ट हिसार के आदेशों के अनुसार फूल मार्केट पर कार्रवाई करेंगे। मगर उन्होंने ऐसा नहीं करके आदेशों की अवहेलना की है।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें