अमर उजाला ब्यूरो
हिसार।
मोटर व्हीकल इंस्पेक्टर के छुट्टी पर चले जाने के कारण शुक्रवार को वाहनों की पासिंग नहीं हो सकी। व्यापार कुंज फेज तीन में पहुंचे सैकड़ों वाहन चालकों को खाली हाथ ही लौटना पड़ा। वाहन चालकों ने इस मामले को लेकर गुस्सा जाहिर किया। मौके पर पहुंची पुलिस ने लोगों को शांत कर वापस भेजा।
जिले में वाहनों की पासिंग दो दिन होती है। इसके लिए व्यापार कुंज के फेज तीन को तय किया गया है। यहां वाहन की पूरी जांच के बाद उसे पास किया जाता है। इसके बाद ही उसे सर्टिफिकेट जारी होता है। बुधवार को वाहनों की पासिंग की गई थी। मोटर व्हीकल इंस्पेक्टर का पैर टूट गया। इसके चलते एमवीआई वीरवार को 15 दिन के अवकाश पर चले गए। ऐसे में शुुक्रवार सुबह लोग वाहनों की पासिंग कराने के लिए सुबह नौ बजे से ही लाइनों में लग गए। करीब 11 बजे तक एमवीआई नहीं पहुंचे तो लोगों का धैर्य जवाब देने लगा। वाहन चालकों ने इस मामले को रोष जाहिर करना शुरू कर दिया। परेशान वाहन चालकों ने इस दौरान आरटीए कार्यालय के अधिकारियों पर मनमानी का आरोप लगाते हुए गुस्सा जाहिर किया। वाहन चालकों ने कहा कि बिना सूचना के अधिकारी गायब हो जाते हैं। सप्ताह में महज दो दिन वाहनों की पासिंग होती है। उसमें भी अधिकारी इस तरह की गड़बड़ करते हैं। लोग अपना काम-धंधा छोड़कर यहां घंटों से लाइन में खड़े रहते हैं। लोगों ने विरोध शुरू किया तो पुलिस टीम ने मौके पर पहुंचकर लोगों को शांत किया। वाहन चालकों को बताया कि एमवीआई के अवकाश पर चले जाने के कारण दिक्कत आई है। बुधवार से व्यवस्था पटरी पर आ जाएगी। इसके बाद वाहन चालक अपने घरों को चले गए।
एमवीआई का पैर टूटने के कारण फ्रेक्चर आया है। वीरवार को वह 15 दिन के लिए अवकाश पर चले गए। नियम के अनुसार एमवीआई का काम किसी और से नहीं कराया जा सकता है। यह टेक्निकल पोस्ट है। ट्रांसपोर्ट कमिश्नर को लिख दिया है। अगले सप्ताह किसी तरह की दिक्कत नहीं आने दी जाएगी।
-एएस मान, एडीसी एवं आरटीए, हिसार
घंटों खड़े रहे लाइन में, नहीं पहुंचे तो लोगों का भड़का गुस्सा, पुलिस ने किया शांत