एचडीएफसी बैंक की एनसीआर की विभिन्न शाखाओं द्वारा बैंक की चेस्ट में एक करोड़ 48 लाख 40 हजार रुपये के नकली नोट जमा कराने का खुलासा हुआ है। इसको लेकर बैंक प्रबंधन में खलबली है।
उधर, पुलिस ने एचडीएफसी की ओर से केस दर्ज कराने के बाद छानबीन शुरू कर दी है। यह जानने का प्रयास किया जा रहा है कि यह किसी बड़ी साजिश का हिस्सा तो नहीं।
गुड़गांव के गोल्फ कोर्स रोड के वाटिका भवन में एचडीएफसी बैंक का चेस्ट रूम है। एनसीआर की विभिन्न शाखाओं से इकट्ठा किए गए रुपये यहां रखे जाते हैं। जांच में बैंक प्रबंधन को जानकारी मिली कि विभिन्न शाखाओं ने पिछले 28 महीने में एक करोड़ 48 लाख 40 हजार रुपये के नकली नोट चेस्ट में जमा करवाए हैं।
इस बारे में बुधवार को एचडीएफसी के चेस्ट रूम के स्टेट मैनेजर उमेश शर्मा ने सुशांत लोक थाना पुलिस में धोखाधड़ी का मामला दर्ज कराया है। इसकी जांच सीरियस फ्रॉड इन्वेस्टिगेशन टीम कर रही है।
स्टेट मैनेजर उमेश शर्मा का कहना है कि छानबीन में 30 मई, 2011 से 12 अक्तूबर के बीच एनसीआर की अलग-अलग शाखाओं से चेस्ट रूम में नकली नोट जमा कराने का खुलासा हुआ। पुलिस आयुक्त आलोक मित्तल ने कहा कि मामला दर्ज करने के बाद से इसकी कई पहलुओं से जांच की जा रही है।
नकली नोटों का गणित
-कुल नकली नोटों की संख्या 32 हजार 721
-इसमें 1,000, 500 और 100 के नोट हैं
-सबसे अधिक संख्या 500 रुपये के नोट की है