फतेहाबाद। शहर के हंस कॉलोनी निवासी होनहार शतरंज खिलाड़ी युवराज मीणा कम उम्र में ही अपनी प्रतिभा का लोहा मनवा रहे हैं। महज 11 साल की उम्र में युवराज ने एक के बाद एक कई उपलब्धियां हासिल कर जिले और राज्य का नाम रोशन किया है। अब वह जलगांव में होने वाली नेशनल चेस टूर्नामेंट में हरियाणा का प्रतिनिधित्व करेगा।
वर्तमान में केंद्रीय विद्यालय बड़ोपल, फतेहाबाद के कक्षा 6 के छात्र युवराज ने 9 साल की उम्र में शतरंज की बिसात पर अपने कदम रखे थे। गांव धांगड़ के कोच प्रमोद खरबास के मार्गदर्शन में युवराज तेजी से आगे बढ़ रहा है।
वर्ष 2024 में स्कूल गेम में जिला स्तर पर टॉप-5 में स्थान बनाकर युवराज का चयन राज्यस्तरीय प्रतियोगिता के लिए हुआ। इसके बाद रोहतक में हुई 6वीं हरियाणा स्कूल स्टेट टूर्नामेंट (अंडर-11) में गोल्ड मेडल जीतकर उसने सबका ध्यान खींचा। जनवरी 2025 में आंध्र प्रदेश के काकीनाडा में हुई 13वीं नेशनल स्कूल गेम में भी युवराज ने शानदार प्रदर्शन करते हुए ऑल इंडिया में 139वीं रैंक हासिल की।
इस साल युवराज ने अंडर-14 केटेगरी में कदम रखते हुए केंद्रीय विद्यालय संगठन द्वारा अंबाला में आयोजित 54वीं रीजनल स्पोर्ट्स मीट में पीएम श्री केवी चेस चैम्पियनशिप (अंडर-14) में क्लीन स्वीप करते हुए पांचों मैच जीते और गोल्ड मेडल हासिल किया। इस जीत के बाद युवराज का चयन केवीएस नेशनल गेम के लिए हुआ, जो सितंबर 2025 में अहमदाबाद, गुजरात में होगी।
19 अप्रैल 2025 को जिला शतरंज एसोसिएशन द्वारा आयोजित अंडर-11 टूर्नामेंट में भी युवराज ने पांचों मैच जीतकर गोल्ड मेडल जीता और हरियाणा स्टेट चेस चैंपियनशिप के लिए क्वालिफाई किया। वहां भी सात में से पांच मैच जीतकर उत्कृष्ट प्रदर्शन किया और अब वह 2 से 8 अगस्त तक महाराष्ट्र के जलगांव में होने वाली नेशनल चेस टूर्नामेंट में हरियाणा का प्रतिनिधित्व करेगा।
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युवराज डी गुकेश को अपना आदर्श मानता है और उनके साथ खेलने का सपना देखता है। गुकेश की तरह कम उम्र में अंतरराष्ट्रीय मुकाम हासिल करना उसका लक्ष्य है।