फतेहाबाद। गेहूं की खरीद सोमवार से जिले में शुरू हो जाएगी, इसके लिए 7 अनाज मंडियों और 45 खरीद केंद्रों को अधिकृत किया गया है। हालांकि अभी तक गेहूं की कटाई शुरू नहीं हुई है, लेकिन सरसों की फसल की आवक जारी है। इस बीच बड़ी समस्या यह है कि कई मंडियों में डुप्लीकेट बासमती धान आ गई है और इनके बड़े-बड़े ढेर लगे हुए हैं। ऐसे में अगर सरसों के साथ गेहूं की फसल की आवक आरंभ होती है, तो फतेहाबाद और रतिया अनाज मंडी में पैर रखने तक की जगह नहीं मिलेगी।
जिले में इस बार फतेहाबाद, रतिया, भट्टूकलां, भूना, टोहाना, जाखल और कूलां की अनाज मंडी और 45 खरीद केंद्रों पर गेहूं की खरीद की जाएगी। इसके अलावा फतेहाबाद जिले में सरसों के लिए फतेहाबाद, भूना व भट्टूकलां की अनाज मंडी को अधिकृत किया गया है। फतेहाबाद जिले में इस बार में साढ़े 4 लाख एकड़ में गेहूं की बिजाई हुई है, वहीं 40 हजार एकड़ में सरसों की बिजाई हुई है। सरसों की फसल की खरीद 26 मार्च से आरंभ हो चुकी है और भट्टूमंडी में अब तक 2800 क्विंटल सरसों की सरकारी खरीद हो चुकी है। हालांकि फतेहाबाद व भूना में शनिवार तक सरसों की सरकारी खरीद शुरू नहीं हुई थी। इस बीच सरकार ने गेहूं की सरकारी खरीद 1 अप्रैल से करने की घोषणा की है। हालांकि गेहूं की फसल पकी हुई है लेकिन अभी कटाई में एक सप्ताह और लगेगा। इसके बाद ही गेहूं की फसल मंडियों में आनी शुरू होगी।
किसानों को मुच्छल धान के 500 रुपये अधिक मिल रहे दाम
गेहूं और सरसों की सरकारी खरीद के बीच किसानों ने रतिया और फतेहाबाद की अनाज मंडियों में अपनी पहले की पड़ी डुप्लीकेट बासमती धान लाना शुरू कर दिया है। फतेहाबाद की अनाज मंडी तो इन दिनों इस धान से अटी पड़ी हैं और इसकी खरीद प्राइवेट मिलर रहे हैं। सीजन के उलट अब किसानों को मुच्छल धान के दाम 500 रुपये प्रति क्विंटल अधिक मिल रहे हैं। सीजन में मुच्छल धान के दाम जहां 3800 रुपये प्रति क्विंटल तक थे, वह अब 4300 रुपये के हिसाब से बिक रही है। यही कारण है कि किसान अपनी डुप्लीकेट बासमती वैरायटी को लगातार मंडी में लेकर आ रहे हैं। आगे गेहूं की खरीद आरंभ हो जाएगी और अगर मंडियों में धान ऐसे ही पड़ा रहा तो पैर रखने की जगह भी नहीं बचेगी।
कोट
गेहूं खरीद की सभी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। इस बार 7 अनाज मंडियों व 45 खरीद केंद्रों पर गेहूं की खरीद की जाएगी। किसानों को किसी प्रकार की परेशानी नहीं आने दी जाएगी। हालांकि खरीद 1 अप्रैल से आरंभ होनी है, लेकिन मंडियों में गेहूं की आवक 10 अप्रैल तक ही संभावित है। इस दौरान धान भी बिक जाएगी और मंडियां खाली हो जाएंगी।
विनीत जैन, डीएफएससी फतेहाबाद।