फतेहाबाद/समैन। जिले में रविवार को हुई झमाझम बारिश से लोगों गर्मी और उमस से राहत मिली। बारिश और ठंडी हवाओं से गर्मी का एहसास नहीं हुआ। वहीं धान की अगैती फसल को नुकसान और पछैती फसल को फायदे का अनुमान है। धान की दोबारा रोपाई करने वाले किसानों को बारिश से फायदा हुआ है, समैन क्षेत्र में बारिश के बाद हवाओं से तैयार धान की फसल खेतों में बिछ गई हैं, नरमे को नुकसान की आशंका है। वहीं भूना बारिश से सड़कों पर पानी जमा हो गया है।टोहाना खंड के विभिन्न गांवों में रविवार दोपहर को हुई तेज बारिश से नरमे की फसलों को नुकसान की आशंका जताई जा रही है तो वहीं तेज हवाओं से खेतों में धान की फसलें बिछ गई हैं। किसानों के अनुसार फिलहाल धान की फसल पककर तैयार है और किस्म-1509 की कटाई चल रही है, जबकि अन्य किस्मों की कटाई अगले महीने के पहले सप्ताह में शुरू हो सकती है। गांव समैन, कन्हड़ी, नांगली, पिरथला, पारता, लोहाखेड़ा, नांगला, ललोदा सहित आसपास के गांवों में रविवार दोपहर को हुई भारी बारिश से धान व नरमे की फसलों को नुकसान होने की संभावना जताई जा रही है।
गांव समैन के किसान अजमेर सिंह, बलबीर सिंह, संता राम ने बताया कि इस बारिश का फसलों को कोई लाभ नहीं होता है। बारिश से धान व नरमा दोनों फसलों को काफी नुकसान पहुंचा है। धान की तैयार फसल बारिश व तेज हवा चलने से जमीन पर बिछ गई है। इससे धान की फसल का उत्पादन कम होने की संभावना बढ़ गई है। बारिश व तेज हवा से धान का पौधा बालियों के बोझ से नीचे की तरफ झुक जाता है। उसके बाद धान की बालियों का दाना कमजोर पड़ने लगता है। यही कारण है कि धान की फसलों में और नरमे की खिली फसलों में नुकसान है।
फतेहाबाद में पूरे दिन छाए रहे बाल
फतेहाबाद में रविवार सुबह ही मौसम में बदलाव आ गया। सुबह पहले से ही जिले में आसमान में बादल छा गए और इसके बाद बारिश होने लगी। हालांकि कुछ देर बारिश बंद हो गई लेकिन पूरे दिन आसमान में बादल छाए रहे और ठंडी हवाओं ने लोगों को गर्मी व उमस का एहसास नहीं होने दिया। मौसम सुहाना होने से लोग गली-मोहल्लों की सड़कों पर व घरों की बालकनी में आनंद लेते दिखाई देने लगे। बारिश के बाद तापमान में भी कमी आई है। फतेहाबाद में अधिकतम पारा दो डिग्री गिरकर 30 डिग्री व न्यूनतम पारा भी चार डिग्री गिरकर 22 डिग्री सेल्सियस पर आ गया। वहीं 11 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से चली हवाओं ने मौसम को सुहावना बनाए रखा।
फतेहाबाद में यहां हुई बारिश
खंड बारिश
फतेहाबाद 04 एमएम
भूना 25 एमएम
भट्टूकलां 01 एमएम
टोहाना 02 एमएम
कोट
इस बारिश का धान की फसल को फायदा होगा, क्योंकि नई रोपी गई धान को फिलहाल बारिश की आवश्यकता है। इससे झाड़ में बढ़ोतरी होगी।
-डाॅ. राजेश सिहाग, कृषि उपनिदेशक फतेहाबाद।
कोट
इन दिनों में बारिश के साथ तेज हवा से धान व नरमे की फसलों को नुकसान होने की संभावना बढ़ जाती है। किन गांवों में कितना नुकसान हुआ है, यह अभी नहीं कहा जा सकता है।
मुकेश महला, एसडीओ, कृषि विभाग टोहाना