गांव मेहमदकी में नशे के खिलाफ रैली निकालते ग्रामीण।
रतिया। गांव मेहमदकी में नशे के बढ़ते प्रकोप और अवैध बिक्री के विरोध में ग्रामीणों का आक्रोश फूट पड़ा। गांव को नशामुक्त करने के लिए गुरुद्वारा साहिब परिसर में एक विशेष पंचायत का आयोजन किया गया, जिसकी अध्यक्षता सरपंच प्रतिनिधि हरदेव सिंह ने की। पंचायत के बाद ग्रामीणों ने नशा विरोधी जागरूकता रैली भी निकाली।
बैठक में ग्रामीणों ने सर्वसम्मति से निर्णय लिया कि यदि नशा तस्करों ने तुरंत अपना धंधा बंद नहीं किया, तो उनका पूर्ण सामाजिक बहिष्कार किया जाएगा। साथ ही पुलिस अधीक्षक को तस्करों की नामजद सूची सौंपकर सख्त कानूनी कार्रवाई करवाई जाएगी। निगरानी के लिए गांव में 5 से 7 सदस्यों की कमेटियां गठित की जाएंगी जो नियमित ठीकरी पहरा और गश्त करेंगी।
सभी ग्रामीणों से आह्वान किया कि कोई भी कानून अपने हाथ में न ले। पुलिस-प्रशासन के सहयोग और कानून के दायरे में रहकर ही तस्करों पर नकेल कसी जाएगी। बैठक के बाद ग्रामीणों ने गांव में जागरूकता रैली निकाली और पूर्व में नशा तस्करी में नामजद रहे लोगों के घर जाकर उन्हें यह धंधा छोड़ने के बारे में समझाया।
इसके पश्चात प्रतिनिधिमंडल ने सदर थाना प्रभारी शीशपाल से मुलाकात कर गांव में गश्त बढ़ाने और कड़ी कार्रवाई की मांग की, जिसके बाद पुलिस ने संदिग्ध स्थानों पर दबिश भी दी। सरपंच प्रतिनिधि ने युवाओं को खेलों से जोड़ने पर बल देते हुए सभी से कानून हाथ में न लेने और पुलिस का सहयोग करने की अपील की।
उन्होंने ग्रामीणों से अपील की कि यदि गांव में कोई व्यक्ति नशा बेचता है या युवाओं को नशे की ओर धकेलने का प्रयास करता है तो इसकी सूचना तुरंत पुलिस और पंचायत को दें। गांव को नशामुक्त बनाने के लिए पंचायत और ग्रामीण मिलकर लगातार अभियान जारी रखेंगे। इस अवसर पर पूर्व सरपंच राजेंद्र, भोला सिंह, सुखपाल मेहमदकी, गुरतेज, हेमराज, राजा, खुशदीप और हजारा खालसा सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित रहे।