जाखल। गांव जाखल के साथ लगती बाजीगर बस्ती में जहरीला चारा खाने के कारण दो भैंस और दो कटड़ों की मौत हो गई। वहीं, ज्यादा बीमार होने पर पांच भैंस पंजाब के दिड़वा क्षेत्र में इलाज के लिए भेजी गईं हैं। वेटरनरी सर्जन के मुताबिक फूड प्वाइजनिंग के कारण पशुओं की मौत हुई है।पशुपालक गिंदर सिंह ने कहा कि वह कई दिनों से जाखल मंडी के बगल में से पशुओं के लिए घास काट कर ला रहे थे। फूड प्वाइजनिंग के कारण सोमवार दोपहर को एक कटड़े की मौत हो गई। कुछ देर बाद एक भैंस ने भी दम तोड़ दिया। रात को दूसरी भैंस भी मर गईं, दोनों भैंस गर्भवती थीं। पशुपालक श्रवण कुमार ने भी अपनी एक भैंस के कटड़े की मौत का कारण जहरीले चारे को बताया है। इसके अलावा गुरुनाम सिंह की दो भैंस और सरवन कुमार की एक भैंस, लकी राम की दो भैंस ज्यादा बीमार होने के कारण इलाज के लिए पंजाब के दिड़वा शहर में लेकर गए।
पशु गांव में, अस्पताल शहर में
नगरपालिका वाइस चेयरमैन गोविंद कुमार व अन्य लोगों ने कहा कि जब जाखल गांव व बस्ती में पशुधन सबसे ज्यादा है। वहीं, शहर की तरफ पशुओं का अस्पताल होना भी परेशानी ही है। बार-बार पशुओं का अस्पताल जाखल गांव और बस्ती क्षेत्र में बनाने की मांग की गई है क्योंकि इस क्षेत्र का 80 प्रतिशत से ज्यादा पशुधन गांव व बाजीगर बस्ती में ही है। पशुओं का अस्पताल इसी गांव व बस्ती के क्षेत्र में ही खोला जाए ताकि पशुपालकों को तत्काल मदद मिल सके।
कोट
पशुओं की मौत फूड प्वाइजनिंग के कारण हुई है। यह फूड प्वाइजनिंग हरा चारा खाने के कारण घटित हुई बताई गई है। शुरुआत में पशुओं को प्राथमिक उपचार भी दिया गया था। परंतु चार की जान नहीं बच सकी।
-डॉ. नवीन, वेटरनरी सर्जन