कुलां। टोहाना सदर थाना प्रभारी शादी राम की अध्यक्षता में शनिवार को कुलां पुलिस चौकी में मेडिकल स्टोर संचालकों की बैठक आयोजित की गई। इसका उद्देश्य नशे की दवाओं की बिक्री पर रोक लगाना और समाज को नशामुक्त बनाने के लिए पुलिस एवं दवा विक्रेताओं के बीच समन्वय स्थापित करना रहा।
थाना प्रभारी ने सभी मेडिकल संचालकों को निर्देश दिए कि कोई भी दुकानदार नशखे दवाएं या इंजेक्शन नहीं बेचेगा। उन्होंने कहा कि देखा गया है कि कुछ असामाजिक तत्व इन दवाओं का दुरुपयोग कर नशे के रूप में प्रयोग करते हैं, जिससे समाज में अपराध की प्रवृत्ति बढ़ रही है। इसलिए सभी दवा विक्रेता सतर्क रहें और किसी भी संदिग्ध व्यक्ति को बिना डॉक्टर की पर्ची के दवा न दें।
थाना प्रभारी शादी राम ने स्पष्ट कहा कि यदि कोई मेडिकल स्टोर संचालक नशे की दवा बेचता पकड़ा गया, तो उसके खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा कि पुलिस नशा तस्करों के खिलाफ पहले ही सख्त अभियान चला रही है और अब नशे की दवाओं की बिक्री को भी पूरी तरह रोकने की दिशा में काम किया जा रहा है।
इस मौके पर कुलां चौकी प्रभारी दलबीर सिंह ने भी मेडिकल संचालकों से नशे के खिलाफ मुहिम में पूर्ण सहयोग करने की अपील की। उन्होंने कहा कि समाज से नशे का खात्मा तभी संभव है जब पुलिस, प्रशासन और व्यापारी मिलकर एकजुट होकर काम करें। बैठक में मेडिकल स्टोर संचालकों ने भरोसा दिलाया कि वे किसी भी प्रकार की नशे की दवा नहीं बेचेंगे और पुलिस की हर संभव सहायता करेंगे। इस अवसर पर रामफल, पवन कुमार, सुंदर कुमार, जोगा सिंह, सोनू सिंह, सर्वजीत सिंह, विनोद कुमार और बिंदर आदि उपस्थित रहे।
डीएसपी ने नशा मुक्ति केंद्र का किया निरीक्षण
रतिया। शनिवार शाम को डीएसपी नर सिंह के नेतृत्व में शहर थाना प्रभारी रंजीत सिंह ने टीम के साथ बस स्टैंड के सामने बालाजी नशा मुक्ति व नागरिक अस्पताल के नशा मुक्ति केंद्र का निरीक्षण किया।
इस दौरान उन्होंने बालाजी नशा मुक्ति केंद्र पर इलाज करवाने वाले मरीजों के बारे में जानकारी ली और केंद्र के पूरे रिकॉर्ड की भी जांच की। इस दौरान उन्होंने नशा मुक्ति केंद्र संचालकों को कहा कि वे मरीजों का पूरा रिकॉर्ड रखेंगे तथा नियमानुसार दी जाने वाली दवा का ही इस्तेमाल करेंगे। उन्होंने कहा कि केंद्र में किसी प्रकार के नशे की दवाई का इस्तेमाल नहीं किया जाएगा। संवाद
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