फतेहाबाद। नागरिक अस्पताल का राष्ट्रीय गुणवत्ता आश्वासन मानक (एनक्वास) के तहत पहली बार आंतरिक मूल्यांकन हुआ। बठिंडा से आए एसएमओ डॉ.उमेश गुप्ता ने टीम के साथ दूसरे दिन भी निरीक्षण किया। टीम के मूल्यांकन में अस्पताल मानक स्कोर तक नहीं पहुंच पाया। अस्पताल को मानक पूरा करने के लिए 6 माह का समय मिला है।
निरीक्षण के बाद डॉ. गुप्ता ने अस्पताल में कमियों और खूबियों को लेकर अस्पताल प्रशासन के साथ चर्चा की। समीक्षा बैठक में टीम ने बताया कि एनक्वास को लेकर तय किए गए 159 मानकों में से 92 में अस्पताल खरा उतरा है। हालांकि स्कोर 61 तक रहा है जबकि एनक्वास के लिए 70 अंकों का स्कोर होना जरूरी है। इस स्कोर तक पहुंचने के लिए अस्पताल प्रशासन को अभी और प्रयास करने होंगे। टीम ने कमियों को सुधारने के लिए 6 माह का समय दिया है। 6 माह बाद टीम दोबारा से एनक्वास को लेकर आंतरिक मूल्यांकन करेगी। समीक्षा बैठक में नागरिक अस्पताल के एसएमओ डॉ. बुधराम, डॉ.जयप्रकाश, डॉ.गुंजन बंसल, डॉ.कुलदीप चौधरी व नर्सिग स्टाफ मौजूद रहा।
-
ऑपरेशन थियेटर में सुधार के निर्देश
टीम ने अस्पताल प्रशासन को कहा कि ऑपरेशन थियेटर में सुविधाएं बढ़ाने और व्यवस्था सुधारने की जरूरत है। जगह कम है लेकिन इसमें सुधार किया जाए। ऑपरेशन से पहले और बाद में मरीज के उपचार को लेकर व्यवस्था की जाए।
-
गुणवत्ता सुधारने का नहीं दिखा पाए रिकॉर्ड
नागरिक अस्पताल प्रशासन क्वालिटी को लेकर किए गए सुधार का रिकॉर्ड नहीं दिखा पाया। डॉ.उमेश गुप्ता ने कहा कि अस्पताल प्रशासन के पास रिकॉर्ड होना चाहिए कि अस्पताल में गुणवत्ता को सुधारने के लिए क्या प्रयास किए गए हैं, पहले क्या व्यवस्था थी और अब क्या स्थिति में सुधार किया गया है।
-
गुणवत्ता सुधार को लेकर करवाई जाएगी ट्रेनिंग
टीम को निरीक्षण के दौरान डिस्पेंसरी में कमियां मिलीं। नजदीक एक्सपायरी दवाइयों को लेकर गंभीरता नहीं दिखी। इसमें गुणवत्ता की कमी खली। टीम ने कहा कि क्वालिटी को लेकर कर्मचारियों की ट्रेनिंग करवाई जाए। इस पर अधिकारियों ने बताया कि यहां पर क्वालिटी मैनेजर नहीं है। ऐसे में अस्पताल प्रशासन एक कर्मचारी की ट्रेनिंग करवाएगा। जो कि बाकी कर्मचारियों को ट्रेनिंग देंगे। वहीं अस्पताल में डॉक्टरों व फार्मेसी ऑफिसर की कमी को लेकर रिपोर्ट मुख्यालय को भेजी जाएगी।