भट्टू कलां। गांव पीलीमंदोरी में लापता बच्चों के मामले पर वीरवार को पंचायत हुई। इसमें ग्रामीणों ने आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई और मामले की पूरी जांच की मांग उठाई। पंचायत ने पूरे मामले की निगरानी और निष्पक्ष जांच के लिए कमेटी का गठन किया।
पंचायत में बच्चों को भी बुलाया गया। बच्चों ने कहा कि चाची ने उन्हें कहा कि उनकी मां का फोन आया है। तुम्हारे पिता ने किसी को मार दिया है, इसलिए ढाणी में पुलिस आई है और पूरे परिवार को पकड़ लिया है, तुम्हें भी पकड़ लेगी। चाची ने पुलिस का डर दिखाकर उनको कोठड़ी में रखा और चाय भी पिलाई। इसके उन्हें एक पेटीज लाकर दी और कहा कि यह उनका मामा देकर गया है। फिर उनके कोट आदि खुलवा लिए और कहा कि यह नहर पर फेंक आएंगे, ताकि लोग उनको ढूंढते रहे। उन्हें बार-बार पुलिस का डर दिखाया गया।
पंचायत के दौरान थाना प्रभारी राधेश्याम को भी मौके पर बुलाया गया। लोगों ने पंचायती फैसलों के बारे में थाना प्रभारी को अवगत करवाया। जिस पर थाना प्रभारी ने कहा कि उनको 5 जनवरी का समय दिया जाएं, मामले की पूरी जांच की जाएगी। वहीं ग्रामीणों ने इस मुद्दे की गहराई से जांच करने की मांग उठाई है।
ग्रामीणों ने आरोप लगाते हुआ कि पुलिस ने मामले को गंभीरता से नहीं लिया और बच्चों के छुपाने के मामले में संलिप्त सभी लोगों पर कार्रवाई नहीं की। पुलिस ने एक महिला के खिलाफ कार्रवाई कर मामले पर पर्दा डालने का काम किया है। ग्रामीणों ने कहा कि इस मामले में शामिल महिला का पति विनोद व ग्रामीण नरेश को भी बच्चों के छुपाने के बारे में पूरी जानकारी थी।
इसका खुलासा बच्चों ने पंचायत में किया है। ग्रामीणों ने इस मामले पर पुलिस को दोबारा पूरी जांच कर आरोपियों पर कार्रवाई की मांग की। पंचायत में पीड़ित परिवार के सदस्यों ने भी अपनी बात रखी। सभी लोगों से बातचीत करने के बाद पंचायत ने मामले की देखरेख के लिए कमेटी का गठन किया गया। इसमें राजेराम को अध्यक्ष, शनि को उपाध्यक्ष व हनुमान कूकणा, अजीत, उग्रसेन, बृजलाल, अनिल कुमार, नरेश कुमार, प्रकाश, आत्माराम, अजीत, प्रवीण तथा सरपंच धर्मवीर गोरछिया को सदस्य चुना गया।
-
कमेटी से लिया 5 जनवरी तक का समय
कमेटी का चयन करने के बाद पंचायती फैसले में थाना प्रभारी राधेश्याम को मौके पर बुलाया। पंचायत में आकर उन्होंने भी अपना पक्ष रखा। थाना प्रभारी ने कहा कि इस मामले में महिला को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया है जांच जारी है। ग्रामीणों के अनुसार जो आरोपी और बताए जा रहे हैं। इस संबंध में जांच कर उचित कार्रवाई की जाएगी। कमेटी सदस्यों से बातचीत के बाद पुलिस ने आगे की कार्रवाई के लिए 5 जनवरी तक का समय लिया है।
-
ये है मामला
28 दिसंबर की शाम को दो बच्चे गांव पीलीमंदोरी से अपने घर से गायब हो गए थे। पुलिस ने खोजी कुत्तों की मदद से गांव से बच्चों के रिश्ते में लगने वाली चाची के घर से नरमे के ढेर से उन्हें बरामद कर लिया। इसके बाद पुलिस काउंसिलिंग के बाद कार्रवाई करते हुए रिश्ते में चाची लगने वाली महिला को आरोपी बनाकर उसके खिलाफ मामला दर्ज किया था। पुलिस ने आरोपी महिला को कोर्ट में पेश कर अदालत में पेश किया। महिला को न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया।