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Fatehabad News: झुलसा रही मानसून की बेरुखी

Sun, 19 Jul 2026 11:13 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, फतेहाबाद
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शहर के बिजली निगम कार्यालय के ​शिकायत केंद्र में मौजूद कर्मचारी। संवाद
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फतेहाबाद। गरमी-उमस के साथ और बिजली कट की मार ने किसानों और आम नागरिकों को बेहाल कर दिया है। मानसून की बेरुखी से राहत की उम्मीदें झुलस रहीं हैं। धान, मूंगफली, नरमा और बाजरे की फसलें सूखने की कगार पर हैं। अधिकतम तापमान 39 डिग्री सेल्सियस के आसपास चल रहा है। जिले में बिजली खपत का आंकड़ा 1.41 करोड़ यूनिट प्रतिदिन के पार जा पहुंचा है। रविवार को बिना सूचना के कई इलाकों की बत्ती गुल रही। पिछले 15 दिन में बिजली निगम में 400 से ज्यादा शिकायतें दर्ज कराकर उपभोक्ताओं ने अपना दर्द और आक्रोश दर्ज कराया है।
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इनमें से अधिकांश शिकायतें बार-बार बिजली गुल होने, लो-वोल्टेज और लंबे समय तक आपूर्ति बाधित रहने से संबंधित रहीं। निगम के अनुसार, बिजली कट सीधे विभिन्न पावर हाउसों से लगाए जा रहे हैं। हालात यह हैं कि लोगों को न तो दिन में चैन मिल रहा है और न ही रात में सुकून। लगातार ट्रिपिंग और बिजली आपूर्ति में रुकावट के कारण व्यापारिक प्रतिष्ठानों और छोटे उद्योग का काम भी प्रभावित हो रहा है।
ट्रांसफार्मर जलने से बिजली निगम को हो रहा है नुकसान
लगातार ओवरलोड और तकनीकी खराबियों के चलते बिजली निगम को भी आर्थिक नुकसान झेलना पड़ रहा है। पिछले 15 दिनों के दौरान जिले में करीब 10 बिजली ट्रांसफार्मर जल चुके हैं। इसके अलावा कई स्थानों पर जंपर टूटने और बिजली मीटर भी जल चुके हैं। इन खराबियों को दूर करने में निगम के कर्मचारियों को लगातार मरम्मत कार्य करना पड़ रहा है जिससे अतिरिक्त खर्च बढ़ गया है।
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पिछले सप्ताह के तापमान का ब्योरा (डिग्री सेल्सियस में)
दिनांक अधिकतम न्यूनतम

11 जुलाई- 38 29
12 जुलाई- 38 30
13 जुलाई- 38 31
14 जुलाई- 39 29
15 जुलाई-39 30
16 जुलाई-38 29
17 जुलाई-39 28
18 जुलाई-39 32
19 जुलाई 39 31


पिछले एक सप्ताह में बिजली की खपत का ब्योरा (करोड़ यूनिट में)

11 जुलाई-142.71
12 जुलाई- 140.79
13 जुलाई- 140.69
14 जुलाई- 138.42
15 जुलाई-143.41
16 जुलाई-143.67

17 जुलाई-139.37
18 जुलाई-141.58


बिजली कटौती से फसलों की सिंचाई प्रभावित :
अघोषित बिजली कटौती का सबसे अधिक असर किसानों पर पड़ रहा है। क्षेत्र में पर्याप्त वर्षा नहीं होने और नहरों में पानी की कमी से सिंचाई संकट गहरा गया है। ऐसे में किसान ट्यूबवेलों के सहारे फसलों की सिंचाई कर रहे हैं लेकिन लगातार बिजली कटौती के कारण समय पर सिंचाई नहीं हो पा रही। किसान लीलूराम, सुरजीत और मुकेश कुमार ने बताया कि यदि शीघ्र नियमित बिजली आपूर्ति सुनिश्चित नहीं की गई तो फसलों की वृद्धि और उत्पादन पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ सकता है। किसानों और अन्य उपभोक्ताओं ने अघोषित कटौती पर रोक लगाने तथा आवश्यक कटौती की स्थिति में पूर्व सूचना देने की मांग की है।


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तकनीकी खराबियों को दूर करने और व्यवस्था को सुचारु बनाए रखने के लिए बिजली निगम के प्रयास जारी हैं। बारिश होने के बाद बिजली की खपत सामान्य होगी जिससे उपभोक्ताओं को राहत मिल सकेगी।
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रविंद्र कुमार, सिटी, एसडीओ, बिजली निगम, फतेहाबाद।

शहर के बिजली निगम कार्यालय के शिकायत केंद्र में मौजूद कर्मचारी। संवाद

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