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Fatehabad News: पंजाब-हिमाचल से सप्लाई बहाल होने के बाद कीमतों में राहत की उम्मीद

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फतेहाबाद के हंस मार्केट में लगी फलों की रेहड़िया। संवाद
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फतेहाबाद। जिले में हाल ही में हुई बारिश और जलभराव ने खेतों में खड़ी फसलों को बर्बाद कर दिया है। सब्जी की स्थानीय फसलें नष्ट होने के कारण बाजार में उनकी आपूर्ति कम हो गई है। इसके चलते सीजन की हरी सब्जियां जैसे घीया, भिंडी, तौरी, हरी मिर्च, खीरा, करेला और गोभी के दामों में बढ़ोतरी देखने को मिली है।
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बारिश का असर न केवल खेतों तक सीमित रहा, बल्कि जलभराव के कारण पंजाब, हिमाचल और जम्मू से आने वाले रास्ते भी बंद हो गए थे। इससे बाहर से आने वाली सब्जियों की सप्लाई पर भी असर पड़ा। इसका सीधा असर आम उपभोक्ताओं की जेब पर पड़ा है। वर्तमान में सीजन की कई हरी सब्जियां 80 रुपये प्रति किलो से अधिक पर बिक रही हैं।

सब्जी व्यापारियों का कहना है कि शुक्रवार से पंजाब और हिमाचल के रास्ते खुलने से कुछ राहत मिलने लगी है। अब इन राज्यों से धीरे-धीरे सब्जियों की आमद मंडी में शुरू हो गई है। इससे आगामी दिनों में सब्जियों की कीमतों में गिरावट की संभावना है। व्यापारियों का यह भी कहना है कि यदि मौसम सामान्य रहा और आवागमन में कोई नई बाधा नहीं आई, तो एक सप्ताह के भीतर बाजार में सब्जियों की कीमतें स्थिर हो सकती हैं, जिससे उपभोक्ताओं को राहत मिलेगी
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सब्जी-भाव प्रति किलो

आलू- 10 से 15

गोभी- 50 से 60

खीरा-40- 45

भिंडी- 50 से 60

घीया- 50 से 65

बैंगन-30 से 40

हरी मिर्च- 80 से 90

टमाटर- 20 से 25

प्याज-25 से 30

करेला-60 से 80

अरबी-50 से 60

शिमला मिर्च-70 से 80

पेठा-35 से 40

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फल-भाव प्रति किलो में

सेब कश्मीर-100 से 120

सेब हिमाचल- 70 से 100

नाशपति-80 से 100

केला-50 से 60 किलो

पपीता-40 से 50 किलो

अनानास 80 से 100 किलो

ड्रेगन फ्रूट- 200 से 250 किलो

अनार-150 से 200 किलो

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सब्जी महंगी होने के कारण लोग बिक्री कम हो रही है। ऐसे में कई बार सब्जियां नहीं बिकने से खराब हो जाती है तो नुकसान सहना पड़ता है। रास्ते खुले हैं तो भाव में कमी आने की उम्मीद है।

-अनिल कुमार, सब्जी विक्रेता।

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शुक्रवार को कई गाड़ियां सब्जी मंडी में पहुंची है। इससे सब्जियों और फलों के भाव में कुछ कमी आ सकती है। अभी फिलहाल स्थानीय सब्जियां महंगी और स्टोर की सब्जी सस्ती है।

-धर्मपाल, सब्जी बिक्रेता।

::बारिश अधिक होने से हिमाचल व पंजाब के रास्ते बंद हो गए थे। इससे फलों से भरी गाड़ियां रास्ते में रुक गई। मंडी में सब्जी की आवक कम आई है। अब रास्ते खुलने शुरू हो गए हैं, जिसका असर सब्जियों के साथ फलों के दाम पर भी पड़ा है। वहीं रास्ते खुलने से अब हिमाचल और पंजाब की सब्जियां मंडी में पहुंचनी शुरू हो गई है। इससे अगले कुछ ही दिनों में सब्जियों के दाम सामान्य होने की उम्मीद है।
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-सीताराम सैनी, सब्जी मंडी यूनियन प्रधान, फतेहाबाद।
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