फतेहाबाद। टोहाना क्षेत्र में नशे की लत से ग्रस्त मरीजों के उपचार के लिए स्थापित एम्स के एटीएफ (एडिक्शन ट्रीटमेंट फैसिलिटी) सेंटर में अब भर्ती सुविधा (आईपीडी) शुरू होने की तैयारी है। सिविल सर्जन कार्यालय ने एटीएफ के लिए आवश्यक स्टाफ की भर्ती प्रक्रिया दोबारा आरंभ कर दी है।
इस प्रक्रिया के तहत मेडिकल ऑफिसर, स्टाफ नर्स, काउंसलर और डाटा मैनेजर के पदों के लिए आवेदन मांगे गए हैं। उम्मीदवार 30 अक्तूबर तक आवेदन कर सकते हैं। करीब एक वर्ष बाद यह भर्ती प्रक्रिया पुनः शुरू की गई है। अगस्त 2024 में सिविल सर्जन कार्यालय ने इन पदों के लिए आवेदन आमंत्रित किए थे, लेकिन विधानसभा चुनावों के चलते आचार संहिता लागू होने और फाइल डीसी कार्यालय में अटके रहने के कारण यह प्रक्रिया स्थगित हो गई थी।
इसके बाद विभाग ने भर्ती को रद्द कर दिया था। इस निर्णय से 98 अभ्यर्थियों को बड़ा झटका लगा था, जिन्होंने इन पदों के लिए आवेदन किया था। पिछली बार मेडिकल ऑफिसर के लिए 1, काउंसलर के लिए 22, नर्स के लिए 44 और डाटा मैनेजर के लिए 31 उम्मीदवारों ने आवेदन किया था। दिसंबर 2024 में दस्तावेज सत्यापन प्रक्रिया भी पूरी कर ली गई थी, लेकिन प्रशासनिक विलंब के चलते नियुक्तियां नहीं हो पाईं और निर्धारित 31 मार्च 2025 की समय सीमा समाप्त हो गई।
फतेहाबाद जिले में वर्तमान में तीन नशा मुक्ति केंद्र संचालित हैं। ये फतेहाबाद, टोहाना और रतिया में हैं। इनमें केवल फतेहाबाद स्थित केंद्र में भर्ती सुविधा उपलब्ध है। इसकी क्षमता भी 10 बेड की ही है। यहां भर्ती के लिए मरीजों की लंबी वेटिंग लिस्ट बनी हुई है।
टोहाना एटीएफ सेंटर में भर्ती सुविधा शुरू होने से जिले के नशा पीड़ित मरीजों को बड़ी राहत मिलने की उम्मीद है। इससे न केवल उपचार सेवाओं में विस्तार होगा बल्कि नशे की समस्या से निपटने के प्रयासों को भी मजबूती मिलेगी। चिकित्सा विशेषज्ञों का कहना है कि उचित उपचार और परामर्श से कई मरीजों को नशे की गिरफ्त से बाहर लाया जा सकता है, और एटीएफ सेंटर इस दिशा में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।
दो बार पहले मांगे गए आवेदन
एटीएफ में भर्ती को लेकर सिविल सर्जन कार्यालय की तरफ से 13 अगस्त 2024 को आवेदन मांग गए। इसके बाद आचार संहिता लग गई और फिर 5 नवंबर को आवेदन मांग गए। दिसंबर माह में उम्मीदवारों के दस्तावेजों की वेरिफिकेशन की प्रक्रिया को पूरा किया गया।
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स्टाफ बिन कैसे करें मरीज भर्ती
सिविल सर्जन कार्यालय ने भर्ती प्रक्रिया को दोबारा शुरू कर दिया है। टोहाना में स्थापित एटीएफ सेंटर की क्षमता 10 बेड की है। हालांकि, डॉक्टर, नर्स, काउंसलर और डाटा मैनेजर की कमी के कारण अभी तक मरीजों को भर्ती करने की सुविधा प्रारंभ नहीं हो पाई थी। इसके बावजूद विशेषज्ञ डॉक्टर हर माह करीब 200 से अधिक मरीजों का ओपीडी में नशा मुक्ति से संबंधित उपचार कर रहे हैं।
नशा मुक्ति केंद्र में वर्ष 2024 में ओपीडी और दाखिल मरीजों की स्थिति
माह ओपीडी दाखिल मरीज
जनवरी 160 14
फरवरी 186 19
मार्च 153 17
अप्रैल 232 20
मई 206 20
जून 174 13
जुलाई 209 24
अगस्त 187 36
सितंबर 228 25
अक्टूबर 144 15
नवंबर 186 21
दिसंबर 166 20
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टोहाना में एटीएफ में भर्ती के लिए आवेदन मांगे गए हैं। आवेदन आने के बाद नियम अनुसार भर्ती प्रक्रिया को पूरा किया जाएगा। इससे केंद्र में उपचार के लिए आने वाले मरीजों को काफी फायदा होगा।
-डॉ. बुधराम, कार्यकारी सीएमओ, फतेहाबाद