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Fatehabad News: ओलों से 25 गांवों में धान की फसल बर्बाद

Sun, 25 Oct 2026 11:09 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, फतेहाबाद
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गांव दादुपुर में फसलों में पड़े ओले दिखाता किसान ,स्त्रोत ग्रामीण
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रतिया। तेज हवाओं, बारिश और ओलावृष्टि से क्षेत्र के 25 से अधिक गांवों में धान की फसल को भारी नुकसान पहुंचा है। शुरुआती प्रशासनिक आकलन में 12 हजार एकड़ से अधिक क्षेत्र प्रभावित हुआ है। करीब 4500 एकड़ में 61 से 80 फीसदी तक खराबा दर्ज किया गया है।
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कई खेतों में कटाई के लिए तैयार फसल जमीन पर बिछ गई। प्रशासन ने नुकसान का आकलन करने के लिए पटवारियों की ड्यूटी लगाई है। नायब तहसीलदार बलवंत सिंह ने बताया कि अब तक करीब 12 हजार एकड़ फसल प्रभावित होने की रिपोर्ट मिली है। हड़ौली सर्कल के गांवों में सबसे ज्यादा नुकसान हुआ है।
कई स्थानों पर 80 फीसदी से अधिक फसल खराब होने की सूचना है। अंतिम आंकड़े गिरदावरी पूरी होने के बाद सामने आएंगे। पटवारियों को गांवों में भेजकर नुकसान का आकलन करवाया जा रहा है। गिरदावरी पूरी होने के बाद विस्तृत रिपोर्ट तैयार होगी।
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पगड़ी संभाल जट्टा किसान संघर्ष समिति के प्रदेश अध्यक्ष मनदीप नथवान ने बताया कि 27 अक्तूबर को सुबह 11 बजे एसडीएम कार्यालय में ज्ञापन दिया जाएगा। वहीं भारतीय एकता किसान यूनियन के जिला प्रधान निर्भय सिंह ने 26 अक्तूबर को ज्ञापन सौंपने की बात कही।

हड़ौली सर्कल में सबसे ज्यादा नुकसान
दादूपुर में करीब 1000 एकड़, हड़ौली में 1100 एकड़ और जल्लोपुर में 1100 एकड़ क्षेत्र प्रभावित हुआ है। इन गांवों में 75 से 80 फीसदी तक नुकसान का अनुमान है। अलावलवास में करीब 400 एकड़ क्षेत्र में 50 से 70 फीसदी फसल खराब होने की सूचना है। रत्ताखेड़ा में लगभग 700 एकड़ क्षेत्र प्रभावित हुआ है। लाली में करीब 350 एकड़, सहनाल में 400 एकड़ और मुंशीवाली में 800 एकड़ में फसल प्रभावित हुई है।
प्रशासनिक आंकड़ों के अनुसार करीब 4500 एकड़ में 61 से 80 फीसदी, 2750 एकड़ में 40 से 60 फीसदी, 500 एकड़ में 30 से 40 फीसदी, 600 एकड़ में 20 से 30 फीसदी और 3840 एकड़ में 10 से 20 फीसदी तक खराबा दर्ज किया गया है। कृषि विभाग के शुरुआती आकलन में दादूपुर और जल्लोपुर में 80 से 90 फीसदी, अलावलवास और रत्ताखेड़ा में 70 से 80 फीसदी तथा हड़ौली में 60 से 70 फीसदी नुकसान बताया गया है।

घासवा और भरपूर में भी भारी नुकसान
घासवा में शनिवार रात करीब आठ बजे ओलावृष्टि शुरू हुई। लगभग आधे घंटे तक ओले गिरने के बाद रविवार सुबह किसान खेतों में पहुंचे तो धान की फसल जमीन पर बिछी मिली। किसान कुलदीप सिंह, कुलवंत सिंह, बलराज सिंह, गुरदयाल सिंह, जतिंदर सिंह, इंदरजीत सिंह, तरसेम सिंह और जसपाल सिंह ने बताया कि ओलों से धान की बालियां टूटकर जमीन पर गिर गई हैं। उनके अनुसार गांव में 70 से 80 फीसदी फसल बर्बाद हो गई है।
भरपूर में करीब 100 एकड़ में फसल को भारी नुकसान पहुंचा है। किसान संदीप के अनुसार 18-85 किस्म के धान में लगभग शत-प्रतिशत और अन्य किस्मों में करीब 95 फीसदी नुकसान का अनुमान है। सरपंच दिनेश भारती ने खेतों का जायजा लेकर प्रशासन को सूचना दी। पटवारी सोनू कुमार ने मौके का निरीक्षण कर रिपोर्ट अधिकारियों को भेजी। किसानों ने विशेष गिरदावरी और मुआवजे की मांग की है।

विधायक और किसान संगठनों ने उठाई मुआवजे की मांग
विधायक जरनैल सिंह ने रविवार को दादूपुर, दादूपुर ढाणी, हड़ौली, नागपुर और घासवा सहित कई गांवों का दौरा कर नुकसान का जायजा लिया। उन्होंने आश्वासन दिया कि मुख्यमंत्री से मिलकर किसानों को मुआवजा दिलाने का प्रयास करेंगे। किसान यूनियन खेती बचाओ के प्रदेश अध्यक्ष राजविंदर चहल, बेगराज फूला और राम जाट ने भी प्रभावित गांवों का दौरा किया।
चहल ने कहा कि कई स्थानों पर 90 से 100 फीसदी तक नुकसान हुआ है। उन्होंने राजस्व और कृषि विभाग की संयुक्त टीमों से विशेष गिरदावरी करवाने तथा फसल बीमा और आपदा राहत के तहत मुआवजा देने की मांग की। उन्होंने चेतावनी दी कि दो से तीन दिन में गिरदावरी शुरू नहीं हुई तो किसान एसडीएम कार्यालय में धरना देंगे।

गांव दादुपुर में फसलों में पड़े ओले दिखाता किसान ,स्त्रोत ग्रामीण

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