फतेहाबाद की राजकीय प्राथमिक पाठशाला।
फतेहाबाद। निपुण हरियाणा कार्यक्रम के तहत शिक्षा विभाग विद्यालयों की निगरानी करवा रहा है। हरियाणा विद्यालयी शिक्षा परियोजना परिषद की तरफ से डीईओ से लेकर सीआरसी प्रभारी तक को विद्यालयों और कक्षाओं के निरीक्षण का लक्ष्य दिया गया है।
प्राथमिक विद्यालयों में विद्यार्थियों के शैक्षणिक स्तर को सुधारने के लिए शिक्षा विभाग के अधिकारियों को भी जिम्मेदारी सौंपी गई है। इसके तहत शिक्षा अधिकारियों को हर माह स्कूलों में जाकर पहली से पांचवीं तक की कक्षा का निरीक्षण कर विद्यार्थियों से प्रश्न पूछने होंगे। निरीक्षण की आख्या एप से ऑनलाइन दर्ज करनी होगी।
इस तरह करना होगा स्कूलों का निरीक्षण :
विद्यालयों का निरीक्षण करने वाले अधिकारियों को निपुण की मेंटर मॉनिटर एप स्वेच्छा (रैंडमली) से पांच बच्चों का चयन करेगी। इसके बाद एप पर प्रश्न दिख जाएंगे। विद्यार्थियों को इसके उत्तर देने होंगे। सही और गलत जवाब का आकलन एप करेगा। इसके लिए तीसरी कक्षा के बच्चों के लिए एक मिनट में न्यूनतम 60 शब्द, दूसरी कक्षा में 45 शब्द और पहली कक्षा में 15 से 20 शब्द पढ़ने की रफ्तार निर्धारित की गई है। निपुण शिक्षक एप से यह रिपोर्ट शिक्षकों को भी मिलेगी। विद्यालय में पहुंचते ही निरीक्षक को स्कूल के बोर्ड के साथ एप पर सेल्फी लेनी होगी। यह एप जीपीएस ऑन किए बिना शुरू नहीं होगा। सेल्फी लेते ही एप का समय शुरू हो जाएगा।
विद्यालयों के निरीक्षण के लिए दिया गया लक्ष्य :
अधिकारी स्कूल कक्षा
डीईओ 3 6
डीईईओ 4 8
डीपीसी 4 8
डायट प्रिंसिपल 4 8
डिप्टी डीईओ 4 8
बीईओ 4 8
बीआरसी 4 8
एफएलएन कोऑर्डिनेटर 6 12
जिला सुपरविजन टीम 60 100
सीआरसी मुख्य 5 10
- जिले के सरकारी स्कूलों में विद्यार्थियों की संख्या :
कक्षा विद्यार्थी
बालवाटिका 3,811
पहली 4,396
दूसरी 4,302
तीसरी 6,713
चौथी 8,922
पांचवीं 9,151
निपुण हरियाणा के तहत प्राथमिक विद्यालयों में विद्यार्थियों के शैक्षणिक और बौद्धिक स्तर में सुधार के लिए अधिकारियों को जिम्मा सौंपा गया है। अधिकारी विद्यालयों में जाकर निरीक्षण करेंगे और विद्यार्थियों से सवाल-जवाब करके उनके स्तर को जांचेंगे। इससे विद्यार्थियों की पठन शैली और रफ्तार का पता चल पाएगा। - धर्मपाल गोस्वामी, जिला एफएलएन कोऑर्डिनेटर, फतेहाबाद।