फतेहाबाद। नागरिक अस्पताल में जच्चा-बच्चा और महिला वार्ड में तीमारदारों व अतिरिक्त व्यक्तियों का प्रवेश बंद कर दिया गया है। महिलाओं एवं नवजात को संक्रमण से बचाने के लिए यह फैसला लिया गया है। लोगों को वार्ड में जाने से रोकने के लिए बाहर काउंटर बना कर्मचारी की ड्यूटी लगाई गई है।
वार्ड के गेट पर तैनात कर्मी उन लोगों को ही अंदर जाने दे रहा है, जिनका जाना जरूरी होती है। अस्पताल प्रबंधन ने जो व्यवस्था बनाई है उससे अतिरिक्त व्यक्तियों का वार्ड के अंदर जाना बंद हो जाएगा। हालांकि मरीज को जरूरी सामान और कपड़े आदि देने के लिए केवल अब कुछ समय के लिए सिर्फ महिला को ही अंदर प्रवेश करने की इजाजत दी जा रही है। पुरुष का महिला वार्ड में जाना पूरी तरह से बंद कर दिया है। नागरिक अस्पताल में रोजाना 11 से 12 डिलीवरी रोजाना होती हैं।
बता दें कि कुछ दिन पहले एनएचएम की टीम ने नागरिक अस्पताल का दौरा किया था। इस दौरान टीम ने अस्पताल में सुरक्षा व्यवस्था जांचने के साथ ही वार्डों का भी निरीक्षण किया था। इस दौरान अस्पताल में कई प्रकार की खामियां पाई गई थी। इनमें प्रमुख रूप से सफाई व्यवस्था और जच्चा-बच्चा व महिला वार्ड में फैली अव्यवस्था मुख्य थी।
इसके बाद एसएमओ ने फरवरी माह के शुरू से ही तीमारदारों और अतिरिक्त व्यक्तियों का जच्चा-बच्चा वार्ड में प्रवेश बंद कर दिया है। इसके लिए वार्ड की गैलरी में गेट के पास काउंटर बना वहां पर कर्मचारी की तैनाती कर दी गई है। इसके अलावा नागरिक अस्पताल के महिला वार्ड में पुरुषों का आना वर्जित है। इसके लिए वार्ड के बाहर सूचना भी लगाई जाएगी।
वार्ड में पुरुष के आने महिलाएं होती थीं परेशान
जच्चा-बच्चा और महिला वार्ड में पुरुषों के आवागमन से वार्ड में भर्ती मरीजों को बहुत परेशानी का सामना करना पड़ रहा था। इन वार्डों में महिला के आने वाले रिश्तेदार जिनमें पुरुष भी शामिल होते थे वे बिना रोकटोक के आवागमन कर रहे थे। इससे अन्य महिलाएं असहज महसूस करती थीं। वहीं अतिरिक्त व्यक्तियों के अंदर जाने से जच्चा-बच्चा वार्ड में नवजात और उसकी मां में संक्रमण फैलने की आशंका बनी रहती थी।
महिला एवं जच्चा बच्चा वार्ड में सुरक्षा और संक्रमण से बचाव के लिए गैलरी में काउंटर बनाया गया है। वहां पर अतिरिक्त लोगों को रोकने के लिए कर्मचारी की ड्यूटी लगाई गई है। वार्ड में केवल महिलाएं ही खाने पीने का सामान पहुंचाने के लिए ही अंदर प्रवेश कर सकेंगी। उन्हें भी सामान देने के तुंरत बाद बाहर आना होगा।
-बुधराम, एसएमओ, नागरिक अस्पताल फतेहाबाद।