भूना। शराब के नशे में किया गया मजाक टोहाना निवासी युवक और उसके साथियों को भारी पड़ गया। पत्नी के अपहरण की झूठी सूचना देने पर पुलिस को करीब पांच घंटे तक सड़कों पर दौड़ना पड़ा। जांच में पूरा मामला झूठा निकला। इसके बाद पुलिस ने छह युवकों को आवारागर्दी के आरोप में हिरासत में लेकर मंगलवार रातभर हवालात में बंद रखा। बुधवार को सभी को जमानत पर रिहा कर दिया गया।
जांच अधिकारी ओमप्रकाश बिश्नोई ने बताया कि टोहाना निवासी अमन पिछले दो दिनों से घर से बाहर था। इसी दौरान उसकी पत्नी का फोन आया। अमन उस समय शराब के नशे में था और उसने मजाक में पत्नी को कह दिया कि कुछ युवकों ने उसका अपहरण कर लिया है। इसके बाद उसने अपना मोबाइल फोन बंद कर दिया।
फोन बंद होने से पत्नी का शक गहरा गया। घबराई पत्नी ने तुरंत डायल 112 पर पति के अपहरण की सूचना दे दी। डायल 112 से सूचना मिलते ही गाड़ी इंचार्ज ने थाना अध्यक्ष ओमप्रकाश बिश्नोई को इस बारे में अवगत कराया। मामला गंभीर होने के कारण पुलिस की कई टीमें तुरंत हरकत में आ गई। संबंधित युवक के मोबाइल फोन नंबर को ट्रेस किया गया। इसकी शुरुआती लोकेशन हिसार मिली।
पुलिस टीम के इंचार्ज एएसआई चमन लाल दलबल सहित हिसार पहुंचे, लेकिन वहां पहुंचने पर लोकेशन अग्रोहा की मिली। इसके बाद लोकेशन भूथनकलां और फिर हसंगा स्थित अनाज खरीद केंद्र की आई। लगातार बदलती लोकेशन के आधार पर पुलिस टीम पीछा करती रही। करीब पांच घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद पुलिस टीम जब हसंगा के खरीद केंद्र पहुंची, तो वहां छह युवक सामूहिक रूप से शराब का सेवन करते हुए मिले।
पुलिस ने मौके पर सभी को हिरासत में लेकर पूछताछ की। उनकी पहचान अमन निवासी टोहाना, सन्नी व गुरमेल निवासी संगरूर (पंजाब), मुकेश कुमार निवासी हसंगा, कृष्ण कुमार निवासी भूथनकलां तथा उपेंद्र सिंह निवासी हिमाचल प्रदेश के रूप में हुई। सभी की उम्र 27 से 45 वर्ष के बीच बताई गई है।
पूछताछ में अमन ने बताया कि उसने पत्नी के साथ शराब के नशे में मजाक किया था कि उसका अपहरण हो गया है। थाना अध्यक्ष ओमप्रकाश बिश्नोई ने बताया कि महिला की सूचना पर पुलिस ने पूरी गंभीरता से कार्रवाई की। हालांकि सूचना झूठी निकली। झूठी सूचना देने और सार्वजनिक स्थान पर शराब सेवन करने के आरोप में पुलिस ने सभी को आवारागर्दी के तहत गिरफ्तार कर रात भर हवालात में रखा है। बुधवार को सभी को नियमानुसार जमानत पर रिहा कर दिया गया है।