फतेहााबाद की अनाज मंडी में भीगी धान की बोरियां।
फतेहाबाद। सोमवार शाम को हुई बारिश के कारण शहर की दोनों अनाज मंडियों में खुले में पड़ी करीब 5000 धान की बोरियां भीग गई। वहीं जिन किसानों ने धान बेचने के लिए ढेरियां लगाई हुई थी, वह ढेरियां भी भीग गईं। अचानक आई बारिश के कारण किसान तिरपाल से अपनी फसलों को ढकने के लिए इधर-उधर भागते दिखाई दिए। मंगलवार को हालांकि मौसम खुला रहा। शीतलहर चलने के कारण धुंध का प्रकोप तो नहीं था, लेकिन मौसम ठंडा रहा। मौसम विभाग ने अगले तीन दिन भी बारिश की आशंका जताई है।
बारिश के बाद चली ठंडी हवाओं के कारण फतेहाबाद में धुंध तो नहीं छाई, लेकिन ठंड बढ़ गई है। फतेहाबाद में सुबह का तापमान 20 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया। वहीं रात का तापमान भी 12 डिग्री रहा। सूरज निकलने के बाद लोगों ने धूप का आनंद लिया। यह बारिश गेहूं से लेकर हर प्रकार की फसलों के लिए फायदेमंद बताई जा रही है। वहीं दूसरी और अनाज मंडी में अभी भी बाढ़ ग्रस्त इलाके की धान आ रही है, जो बारिश के कारण भीग गई और धान की फसल में नमी बढ़ गई है। बारिश के कारण शहर की पुरानी व नई अनाज मंडी में 5000 धान के कट्टे भीग गए। वहीं जो धान की ढेरियां शेडों से बाहर पड़ी थीं, वह भी पानी से भीग गईं। धान भीगने के चलते किसानों को धान बेचने के लिए अभी और इंतजार करना पड़ेगा। धान की सरकारी खरीद 25 नवंबर से बंद हो चुकी है और किसान पहले से परेशान थे। अब उनको धान सुखाने के लिए और समय चाहिएगा।
-हरियाणा राज्य में मौसम आमतौर पर 1 दिसंबर तक परिवर्तनशील बने रहने की संभावना है। एक और पश्चिमी विक्षोभ के आंशिक प्रभाव के कारण राज्य में 29 नवंबर रात्रि से 1 दिसंबर के दौरान बीच-बीच में आंशिक बादलवाही होने तथा कहीं-कहीं छिटपुट बूंदाबांदी या हल्की बारिश की संभावना है। इसके बाद 2 दिसंबर से 5 दिसंबर के दौरान मौसम आमतौर पर खुश्क तथा उत्तरी व उत्तरपश्चिमी हवाएं चलने से राज्य में रात्रि तापमान में हल्की गिरावट होने व दिन के तापमान में हल्की बढ़ोतरी रहने तथा सुबह के समय हल्की धुंध रहने की संभावना है।
-डॉ. मदन खीचड़, विभागाध्यक्ष, कृषि मौसम विज्ञान विभाग, एचएयू हिसार।