फतेहाबाद में सिविल सर्जन कार्यालय।
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फतेहाबाद। बेटियों के प्रति लोगों की सोच बदली है और लाडो प्यारी भी लगने लगी हैं। ये ही कारण है कि जिले का लिंगानुपात वर्ष 2022 का प्रदेश में सबसे ज्यादा रहा है। यहां पर एक हजार लड़कों के मुकाबले 950 बेटियों ने जन्म लिया है। लिंगानुपात में फतेहाबाद जिला प्रदेश में पहले नंबर पर रहा है। यहां पर पिछले साल 8790 लड़के तो 8348 लड़कियां जन्मी है। जबकि प्रदेश का कुल लिंगानुपात 917 रहा है।
स्वास्थ्य विभाग की शुक्रवार को सीआरएस रिपोर्ट आई है जिसमें प्रदेश के जिलों का लिंगानुपात का आंकड़ा जारी किया गया है। पहले नंबर पर फतेहाबाद जिला रहा है जिसका लिंगानुपात 950 रहा है तो सबसे कम लिंगानुपात 883 रेवाड़ी जिले का रहा है। प्रदेश का कुल लिंगानुपात 917 रहा है। संवाद
किस वर्ष कितना रहा लिंगानुपात
वर्ष लिंगानुपात
2015 894
2016 923
2017 912
2018 893
2019 924
2020 937
2021 898
वर्ष 2022 में जिलों का लिंगानुपात
जिला लिंगानुपात
फतेहाबाद 950
जींद 942
पंचकूला 938
नूह 936
अंबाला 934
रोहतक 934
चरखीदादरी 933
सिरसा 929
गुरूग्राम 925
पानीपत 924
यमुनानगर 923
पलवल 922
कैथल 921
भिवानी 912
महेंद्रगढ़ 907
हिसार 904
करनाल 903
सोनीपत 898
झज्जर 893
कुरूक्षेत्र 893
फरीदाबाद 892
रेवाड़ी 883
गर्भ में भ्रूण लिंग जांच को लेकर सक्रिय है गिरोह
जिले में गर्भ में भ्रूण लिंग जांच को लेकर गिरोह सक्रिय है। गिरोह के सदस्य यहां से गर्भवती को पंजाब, यूपी में ले जाकर गर्भ में भ्रूण लिंग जांच करवा रहे है। वर्ष 2022 में ही फतेहाबाद का स्वास्थ्य विभाग सिरसा स्वास्थ्य विभाग के साथ मिलकर इन दिनों में ही पंजाब में छापे मारकर गिरोह का पर्दाफाश कर चुका है। वर्ष 2021 में यूपी में भी गिरोह पकड़ा गया था, जो कि यहां से गर्भवती को ले जाकर भ्रूण लिंग जांच करवाते थे।
कोट
प्रदेश में जिले का लिंगानुपात सबसे ज्यादा रहा है। यहां पर एक हजार लड़कों के मुकाबले 950 लड़कियों ने जन्म लिया है। पिछले कई माह से जिला पहले नंबर पर था और अब वर्ष 2022 के पूरे साल के आंकड़े में भी जिले का लिंगानुपात सबसे ज्यादा रहा है।
-डॉ. सपना गहलावत, सिविल सर्जन, फतेहाबाद।