नगरपालिका कर्मचारी संघ स्टेट कमेटी के आह्वान नगर परिषद के कर्मचारियों ने दूसरे दिन भी हड़ताल पर कामकाज ठप रखा और सरकार के खिलाफ नारेबाजी की। वीरवार को दूसरे दिन हड़ताल का नेतृत्व प्रधान ओमप्रकाश लोट ने किया और सरकार की कर्मचारी विरोधी नीतियों की आलोचना की। उन्होंने प्रदेश सरकार को दलित विरोधी बताते हुए कहा कि प्रदेश की नगरपालिकाओं में अधिकतर दलित समाज के लोग काम करते हैं, लेकिन सरकार इन कर्मचारियों को सातवें वेतन आयोग देने में आनाकानी कर रही है।
उन्होंने कहा कि नगर परिषद के कर्मचारी काफी समय से संघर्ष कर रहे हैं, लेकिन कर्मचारियों की मांगों को लेकर बिलकुल भी गंभीर नहीं है। संघ के राज्य उपप्रधान रमेश तुषामढ़ ने कहा कि सरकार ने समय रहते कच्चे कर्मचारियों को पक्का नहीं किया, तो कर्मचारी संघ राज्य कमेटी की बैठक कर आगामी आंदोलन की घोषणा करेगा। जिसकी सारी जिम्मेवारी प्रदेश सरकार की होगी। कर्मचारियों ने दूसरे दिन भी धरना देकर सरकार से मांगे तुरंत पूरी करने की मांग की। इस अवसर पर पूर्व राज्य उपप्रधान ब्रह्मपाल, सुरेंद्र लोट, सत्यवान टाक, राजाराम, जगदीश आदीवाल, पवन रत्ति, अमित, धारू, सतपाल, मोनू कांगड़ा, वीरू रत्ति, अशोक, सुमित चोपड़ा, सरोज, शकुंतला, जयप्रकाश, सतीश, संदीप, रिंकू, नरेश राणा धीरज घोघलिया, लखन रत्ति, विजय ढाका सहित अनेक कर्मचारी मौजूद थे।