समैन। परिवार पहचान पत्र में आय से संबंधित त्रुटियों का सिलसिला थमने का नाम नहीं ले रहा है। अब टोहाना खंड के गांव गाजुवाला के किसान दर्शन उर्फ महिपाल की परिवार पहचान पत्र में सिर्फ ढाई महीने के दौरान ही आय साढ़े छह लाख रुपये से ज्यादा बढ़ा दी गई है। इतने कम समय में इतनी अधिक आय बढ़ने से किसान व उसका परिवार भी अचंभित है। किसान दर्शन ने सरकार से मांग की है कि उसे परिवार पहचान पत्र में बढ़ी हुई आमदनी दिलाई जाए ताकि उसे पता चल सके कि उसकी आमदनी किन कारणों से बढ़ी है और बढ़ी हुई आमदनी का पैसा कहां गया है। गाजुवाला के किसान दर्शन उर्फ महिपाल ने बताया कि वह एक साधारण किसान है। 25 मई को उसके परिवार पहचान पत्र में वार्षिक आय एक लाख 40 हजार रुपये दर्शाई गई थी। उसके बाद जैसे ही उसने अपने परिवार पहचान पत्र को 7 सितंबर को अपडेट करवाया तो उसके परिवार की आय आठ लाख रुपये तक दर्शा दी गई। सिर्फ ढाई महीने के दौरान वह अपने परिवार पहचान पत्र में इतनी अधिक आय बढ़ने से हैरान है। किसान ने बताया कि उन्होंने इस दौरान न तो कोई फसल बेची है व न ही बैंक में कोई बड़ा लेन-देन किया है। फिर भी उनके परिवार पत्र में इतने कम समय में इतनी अधिक बढ़ोतरी कैसे हो गई, उन्हें खुद समझ नहीं आ रहा है। किसान ने प्रदेश सरकार से आग्रह करते हुए कहा कि उसे परिवार पहचान-पत्र में बढ़ी हुई आमदनी के पैसे मिलने चाहिए क्योंकि उन्हें नहीं पता कि इतने कम समय में उनकी यह आमदनी किस स्रोत से हुई है। हालांकि किसान ने कहा कि वह सरकार से किसी भी तरह की मुफ्त सुविधा नहीं ले रहे हैं।