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युवक को आइसोलेट करने गई टीम तो परिजनों ने किया हंगामा

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स्वास्थ्य विभाग द्वारा कोरोना जांच को लेकर लिए जा रहे सैंपल में गड़बड़ी के आरोप लगने शुरू हो गए हैं। स्वास्थ्य विभाग पर बिना सैंपल दिए युवक को आरटीपीसीआर रिपोर्ट में पॉजिटिव बताने का आरोप लगा है और जब एंटीजन सैंपल दिया तो में उसमें रिपोर्ट निगेटिव मिली है। आरटीपीसीआर रिपोर्ट में पॉजिटिव मिलने पर स्वास्थ्य विभाग की टीम वीरवार सुबह जब चार मरला कॉलोनी में रामबाग वाली गली में युवक शुभम को आइसोलेट करने के लिए पहुंची तो युवक परीक्षा देने जा चुका था और मौके पर मौजूद परिजनों ने स्वास्थ्य विभाग की टीम के साथ हंगामा शुरू कर दिया। आरोप लगाए कि जब आरटीपीसीआर सैंपल ही नहीं दिया तो रिपोर्ट पॉजिटिव कैसे आ गई और जबकि एंटीजन सैंपल दिया था उसकी रिपोर्ट निगेटिव है जो उनके पास है। परिजनों ने खुद को आइसोलेट करने से मना कर दिया। हंगामे के बाद स्वास्थ्य विभाग कर्मियों ने काम बंद कर दिया और मामले की सूचना उप सिविल सर्जन को दी। सूचना मिलने पर उप सिविल सर्जन डॉ.हनुमान मौके पर पुलिस टीम के साथ पहुंचे। परिजनों ने स्वास्थ्य विभाग टीम की नहीं सुनी और उन पर ही कार्रवाई करवाने की धमकी दी।
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वहीं स्वास्थ्य विभाग की आरटीपीसीआर रिपोर्ट में संक्रमित मिले युवक शुभम ने बताया कि उसे हल्के बुखार की शिकायत होने पर वह नागरिक अस्पताल में सैंपल देने के लिए गया था। उसने सैंपल देने के लिए पर्ची कटवा दी लेकिन भीड़ ज्यादा होने के कारण बिना सैंपल दिए घर आ गया। बुधवार को वह दोबारा सैंपल देने के लिए गया। यहां पर उसका एंटीजन सैंपल लिया और उसमें उसकी रिपोर्ट निगेटिव बताई गई लेकिन अब उसे कोरोना संक्रमित बताया जा रहा है। उप सिविल सर्जन डॉ.हनुमान ने बताया कि चार मरला कॉलोनी निवासी युवक शुभम ने नागरिक अस्पताल में आरटीपीसीआर टेस्ट करवाया था। इसकी रिपोर्ट बुधवार को कोरोना संक्रमित पाई गई। स्वास्थ्य विभाग की टीम ने युवक को फोन करके सूचना दी कि उसकी रिपोर्ट पॉजिटिव है और वह खुद को घर पर आइसोलेट कर ले। इतना कहने के बाद युवक ने दोबारा फोन नहीं उठाया। वीरवार सुबह टीम जब घर ढूंढकर पहुंची तो युवक नहीं मिला और बताया गया कि परीक्षा देने के लिए गया हुआ है।
एंटीजन में निगेटिव, आरटीपीसीआर में पॉजिटिव : नागरिक अस्पताल के नोडल अधिकारी डॉ.मेजर शरद तुली ने बताया कि युवक का आरटीपीसीआर सैंपल पहले लिया गया था जिसे जांच के लिए लैब में भेजा गया। इसकी रिपोर्ट आने में दो दिन लग जाते हैं। इसी बीच युवक ने एंटीजन टेस्ट करवा लिया। जिसमें उसकी रिपोर्ट निगेटिव आई है। एंटीजन टेस्ट की तुलना में आरटीपीसीआर रिपोर्ट काफी मान्यता रखती है। ये माना जा सकता है जब युवक ने सैंपल दिया उस समय वायरस का असर अंतिम चरण में हो सकता है और जब दो दिन बाद सैंपल दिया तो उसमें खत्म हो गया हो।
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चार मरला कॉलोनी के युवक ने आरटीपीसीआर टेस्ट करवाया था उसमें रिपोर्ट पॉजिटिव आई। इसके अलावा एंटीजन टेस्ट में रिपोर्ट निगेटिव थी। रिपोर्ट पॉजिटिव आने के बाद टीम ने युवक को बता दिया था। टीम जब सुबह घर पर आइसोलेट करने के लिए पहुंची तो युवक नहीं मिला और बताया गया कि वह पेपर देने गया है। युवक टीम को उलझा रहा है। इस मामले को डीसी के संज्ञान में ला दिया गया है। युवक के खिलाफ एफआईआर दर्ज करवाई जाएगी। - डॉ.हनुमान, उप सिविल सर्जन।
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