फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Fatehabad News: सड़कों पर खतरा बनते कुत्ते, फाइलों में उलझा समाधान

विज्ञापन
फतेहाबाद। शहर के भट्टू रोड पर रात के समय्र घूमते बेसहारा पशु। संवाद
विज्ञापन
फतेहाबाद। जिले में कुत्तों के काटने के बढ़ते मामलों के बीच कुत्तों की नसबंदी और टीकाकरण का काम अटका हुआ है। स्वास्थ्य विभाग की रिपोर्ट के अनुसार पिछले तीन माह में 4888 लोगों ने कुत्ते के काटने के बाद एंटी रैबीज वैक्सीन लगवाई है। जून माह में ही डेढ़ हजार से अधिक लोग वैक्सीन लगवाने पहुंचे।
विज्ञापन

शहर फतेहाबाद में कुत्तों को पकड़ने और उनके बंध्याकरण के लिए नगर परिषद का ठेका करीब 540 रुपये के अंतर के कारण अटका हुआ है। नगर परिषद ने करीब तीन माह पहले कुत्तों की नसबंदी और टीकाकरण के लिए टेंडर जारी किया था। टेंडर में एजेंसी ने प्रति कुत्ता 1340 रुपये की मांग की थी जबकि नगर निकाय की शर्तों के अनुसार 800 रुपये से अधिक भुगतान नहीं किया जा सकता।
नियमों के चलते नगर परिषद ने एजेंसी को ठेका नहीं दिया और मंजूरी के लिए प्रस्ताव निदेशालय भेजा गया है। एक माह बीतने के बाद भी निदेशालय से मंजूरी नहीं मिल पाई है। इससे शहर में बढ़ रही कुत्तों की संख्या पर नियंत्रण की योजना प्रभावित हो रही है। नगर परिषद के पुराने रेट के अनुसार पहले एजेंसी को प्रति कुत्ता 982 रुपये का भुगतान किया गया था।
विज्ञापन


-

11.40 लाख रुपये से पकड़े जाएंगे बेसहारा पशु

शहर में बेसहारा पशुओं को पकड़ने का अभियान करीब चार माह से बंद है। नगर निकाय के नए आदेश के मुताबिक पशुओं को गो सेवा आयोग पकड़ेगा लेकिन इस फैसले को वापस ले लिया गया। फैसले के वापसी के बाद नगर परिषद ने पिछले माह टेंडर लगाया लेकिन एजेंसी नहीं मिली। अब फिर टेंडर लगाया गया है और 11.40 लाख रुपये का एस्टीमेट रखा गया है। पहले नगर परिषद ने रेवाड़ी की एजेंसी को ठेका दिया था। एजेंसी ने डेढ़ हजार पशुओं को पकड़ने का दावा किया गया।

-

रात के समय हादसों का डर

शहर में रात के समय बेसहारा पशु सड़कों पर आ जाते हैं। इसके चलते हादसे होने की आशंका बनी रहती है। नगर परिषद को जल्द से जल्द इन्हें पकड़ने के लिए अभियान चलाना चाहिए। बेसहारा पशुओं के कारण पहले भी उनके वार्ड में हादसे हो चुके हैं।
- मोहन लाल नारंग, पार्षद

-

पशुओं को छुड़वाने पर देगा होगा जुर्माना

नगर परिषद ने इस बार टेंडर की शर्त में पकड़े गए पशु को छुड़वाने के लिए जुर्माना राशि भी तय कर दी है। गाय और नंदी पहली बार छुड़वाने पर 2100 रुपये और दूसरी बार छुड़वाने पर 5100 रुपये का जुर्माना राशि देनी होगी।

-

नगर परिषद द्वारा बेसहारा पशुओं को पकड़ने के लिए टेंडर लगा दिया गया है। कुत्तों के बांध्यकरण और टीकाकरण के लिए रेट फाइनल होना है। मंजूरी के लिए प्रस्ताव मुख्यालय को भेजा गया है।
विज्ञापन

- महेश कुमार, एसआई नगर परिषद फतेहाबाद।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें