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Fatehabad News: रतिया में कुत्तों का आतंक, लोगों को काटने के मामले बढ़े

Sun, 07 Dec 2025 11:36 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, फतेहाबाद
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नगर पालिका द्वारा बनवाए जा रहे डॉग शेल्टर होम का हो रहा निर्माण :संवाद
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रतिया। क्षेत्र में आवारा और खूंखार कुत्तों की संख्या लगातार बढ़ रही है, जिससे लोगों के काटे जाने के मामले भी दिन-प्रतिदिन बढ़ते जा रहे हैं। नागरिक अस्पताल में उपलब्ध आंकड़ों के अनुसार, पिछले तीन महीने में करीब 700 लोग कुत्तों के काटने के कारण एंटी रैबीज वैक्सीन लगवा चुके हैं।
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सितंबर में 195, अक्टूबर में 225 और नवंबर में 190 लोग एआरवी इंजेक्शन लगवा चुके हैं। दिसंबर माह के पहले सप्ताह में ही लगभग 80 लोग कुत्तों के काटने के बाद अस्पताल पहुंचे हैं। रतिया क्षेत्र में 3500 से अधिक कुत्ते हैं। बढ़ते मामलों और कोर्ट के आदेशों के बाद नगर पालिका ने इस गंभीर समस्या से निपटने के लिए कदम उठाए हैं।
बुढलाडा रोड, बिजली बोर्ड के सामने, लावारिस और खूंखार कुत्तों के लिए शेल्टर होम का निर्माण कार्य शुरू किया गया है। नगर पालिका ने कुत्तों को पकड़ने और उनकी देखभाल के लिए एक कंपनी को 960 प्रति कुत्ते मासिक का ठेका भी दिया है। इसका कार्य अगले सप्ताह शुरू होने की संभावना है।
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शहर में हर रोज कुत्तों के काटने के मामले सामने आ रहे हैं। कुत्ते काटे के शिकार उपचार के लिए नागरिक अस्पताल में पहुंच रहे हैं। उनके पास इंजेक्शन का पूर्ण स्टॉक है।

डॉ. भरत सहारण, इंचार्ज, नागरिक अस्पताल, रतिया।

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बच्चों का घर से निकलना मुश्किल हो गया है। हर गली-मोहल्ले में कुत्तों का झुंड घूमता है। नगर पालिका को यह काम बहुत पहले करना चाहिए था। शेल्टर होम बनने तक, कुत्तों को पकड़ने का अभियान तेज किया जाए।

-कशिश, निवासी रतिया

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कुत्ते के काटने से रेबीज जैसी खतरनाक बीमारी का खतरा बढ़ जाता है। प्रशासन को शेल्टर होम बनाने के साथ-साथ कुत्तों के बधियाकरण पर भी ध्यान देना चाहिए। रेबीज के चलते इंसान को जान भी गंवानी पड़ जाती है।-मनोज मौजी, निवासी रतिया-

कुत्तों के काटने के मामले बढ़ते जा रहे हैं इसलिए शेल्टर होम जल्द से जल्द चालू होना चाहिए ताकि लोगों को इनके आतंक से मुक्ति मिल सके। शेल्टर होम बनने तक सड़कों पर घूम रहे कुत्तों का बधियाकरण किया जाना चाहिए।
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-प्रिंस बलाना
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