अतिरिक्त जिला सत्र न्यायाधीश राजेंद्र सिंह ढांडा की अदालत ने रतिया उपमंडल के एक व्यक्ति को अपनी 13 वर्षीय नाबालिग बेटी से बलात्कार करने के आरोप में उम्रकैद और 50 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई गई है।
सरकारी वकील से मिली जानकारी के अनुसार इस मामले में पुलिस ने नाबालिग के चाचा की शिकायत पर पिता के खिलाफ धारा 506 और 6 पोस्को एक्ट के तहत केस दर्ज किया था। दरअसल, नाबालिग ने अपने साथ बलात्कार की बात अपने चाचा को बताई थी। लड़की ने यह भी बताया था कि उसका पिता उसके साथ पिछले 10 दिन से लगातार बलात्कार कर रहा है। जानकारी के अनुसार बलात्कारी पिता शराब पीने का आदी था। यही वजह थी कि उसकी पत्नी अपनी 3 बेटियों को पति के पास छोड़कर अपने पुत्र को साथ लेकर चली गई थी। इस मामले में केस दर्ज होने के बाद बलात्कार करने वाले पिता ने पुलिस के सामने स्वीकार किया था कि एक दिन वह शराब के नशे में धुत होकर अपने घर आया तो उसकी बड़ी लड़की ने दरवाजा खोला। बड़ी लड़की को देखकर उसकी नीयत खराब हो गई और उसने अपनी बेटी के साथ बलात्कार कर डाला।