सरकारी अस्पताल की छत से एक बार फिर मलबा गिरने का मामला सामने आया है। इस बार भूतल पर स्थित महिला शौचालय की छत और विभिन्न वार्डों को जाने वाली गैलरी की छत से मलबा गिरकर नीचे आ गया। गनीमत ये रही कि इस दौरान किसी मरीज को चोट नहीं लगी। महिला शौचालय और गैलरी की छत से मलबा गिरने की खबर मिलते ही सरकारी अस्पताल में हड़कंप मच गया। आननफानन में अस्पताल प्रशासन ने महिला शौचालय को बंद करवा दिया है। गैलरी में भी देखकर चलने की हिदायत दी जा रही है।
सीएमओ डॉ. अशोक चौधरी ने भी अस्पताल की छत का मलबा गिरने की पुष्टि की है।वीरवार शाम अचानक महिला शौचालय की छत का मलबा गिरकर जमीन पर आ गिरा।
इसके बाद एक महिला मरीज ने शौचालय में घुसते ही मलबा गिरा देखा तो अस्पताल स्टाफ को सूचना दी। अस्पताल स्टाफ ने सिविल सर्जन डा. अशोक चौधरी और डिप्टी सिविल सर्जन डा. गिरीश को सूचना दी। मामले की जानकारी मिलते ही सिविल सर्जन डा. अशोक चौधरी तुरंत मौके पर पहुंचे और हालात का जायजा लिया। बताया गया है कि स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों द्वारा निरीक्षण कर जाने के थोड़ी देर बाद गैलरी की छत का भी कुछ हिस्सा गिर गया।
डेढ़ माह पहले गिरा था महिला वार्ड की छत का मलबा, नवजात की हुई थी मौत
लगभग डेढ़ माह पूर्व महिला वार्ड की छत का मलबा भी बिल्कुल इसी तरह गिर गया था। जिसमें चोटें लगने से एक नवजात बच्चे की मौत हो गई थी और कई महिलाएं घायल हुई थी। अस्पताल प्रशासन ने इस संदर्भ में विस्तृत जांच के बाद उस वक्त महिला वार्ड में डयूटी पर तैनात डा. आरसी गोयल की सेवाएं समाप्त कर दी थी और एक महिला स्टाफ नर्स के खिलाफ विभागीय कार्यवाही के आदेश जारी कर दिए थे। इसके बाद भाजपा निगरानी कमेटी की एक टीम ने भी मामले की जांच कर अपनी रिपोर्ट स्वास्थ्य मंत्री को भेजी थी। इस मामले में मृतक नवजात के पिता ने अस्पताल स्टाफ और प्रशासन पर लापरवाही बरतने का आरोप लगाया था।
लोकनिर्माण विभाग की टीम भी कर चुकी है निरीक्षण
पिछले दिनों हुए उस हादसे के बाद अस्पताल प्रशासन की ओर से लोक निर्माण विभाग को पत्र लिखकर पूरे अस्पताल का निरीक्षण करने की मांग की गई थी। इसके बाद लोकनिर्माण विभाग की टीम ने दौरा कर लगभग 11 प्वाइंट को खतरनाक बताया था और इसके रिपेयर की जरूरत बताई थी।
अस्पताल के भूतल पर स्थित महिला शौचालय और गैलरी की छत का थोड़ा सा मलबा गिरा है। जल्द ही इसकी मरम्मत करा दी जाएगी।
-डॉ. अशोक चौधरी, सिविल सर्जन, फतेहाबाद।