चिटफंड कंपनी का एमडी निकला इंस्पेक्टर, धोखाधड़ी के आरोप में केस दर्ज
अमर उजाला ब्यूरो
फतेहाबाद। शहर का एक किसान चिट फंड कंपनी के जाल में फंसकर अपने लाखों रुपये गवा बैठा। इस कंपनी का एमडी हरियाणा पुलिस में तैनात बिजली निगम का इंस्पेक्टर है। पुलिस ने पीड़ित की शिकायत पर इंस्पेक्टर सहित चार लोगों के खिलाफ धोखाधड़ी व प्राइज चिट्स एंड मनी सर्कुलेशन स्कीम (बैनिंग) अधिनियम 1978 के तहत केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
पुलिस को दी शिकायत में पवन कुमार निवासी ढाणी माजरा ने बताया कि वेल्थ वे मार्केटिंग कंपनी के सीएमडी सुखचैन अरोड़ा, हरियाणा पुलिस में इंस्पेक्टर सुखविंद्र सिंह जो कंपनी का एमडी था, मैनेजर शिवाजीत तथा प्रमोटर अजय उसके फतेहाबाद की ऑटो मार्केट में स्थित मकान में मिले। उक्त लोगों ने उसे पैसे 6 गुणा करने के प्लान के बारे में समझाया और बताया कि 52 हजार 700 रुपये की एक आइडी कंपनी में लगाने पर उसे 3 लाख 25 हजार रुपये मिलेंगे। यह रुपये उसे 11 महीनों तक हर सप्ताह दिए जाएंगे साथ में प्रोडक्टस भी मिलेंगे। पवन ने बताया कि उपरोक्त लोगों के झांसे में आने के बाद उसने 24 जुलाई को साढ़े 3 लाख, 26 जुलाई को 1 लाख तथा 31 जुलाई को 3 लाख रुपये उपरोक्त आरोपियों को दे दिए। इसके बाद उक्त लोगों ने 6 सप्ताह तक तो उसके खाते में रुपये डलवाए लेकिन इसके बाद खाते में पैसे डालने बंद कर दिए। जब वह उनके कार्यालय में गया तो वहां पर उसे एमडी सुखविंद्र सिंह मिला और 15-20 दिनों में रुपये वापस लौटाने की बात कही। जब इस अवधि में भी रुपये नहीं मिले तो इंस्पेक्टर सुखविंद्र ने उसे झूठे केस में फंसाने की धमकी दी। उसके बाद जब वह उनके कार्यालय गया तो उनका कार्यालय बंद मिला। फिर काफी दिन बाद उसने सुखविंद्र सिंह से संपर्क किया तो उसने प्रार्थी को सरदूलगढ़ बुलाया और कहा कि आपको वहां पैसे दे दिये जाएंगेे। इसके बाद जब वह सरदूलगढ़ गया तो सुखविंद्र सिंह ने वहां पर दो-चार अन्य लोगों को बुलाकर उसको डराया धमकाया और कहा कि आइंदा हमसे पैसे मांगे तो तुझे जान से मार देंगे। पुलिस ने पवन की शिकायत पर उपरोक्त आरोपियों के खिलाफ केस दर्ज करके जांच आरंभ कर दी है।