फतेहाबाद। उपभोक्ता विवाद निवारण आयोग ने वारंटी में मोबाइल फोन ठीक नहीं करने के मामले की सुनवाई करते हुए सेमसंग मोबाइल कम्पनी केयर मोबाइल सोल्यूशन, चार मरला काॅलोनी, फतेहाबाद एवं सेमसंग कंपनी पर मोबाइल ठीक करने व 5500 रुपये हर्जाना देने के आदेश दिए हैं।
वकील निवासी ढांड ने बताया था कि उसने 21 अक्तूबर 2019 को अमेजन से 16,999 रुपये की कीमत का सेमसंग ग्लैक्सी एम-30 एस मोबाइल खरीदा था। मोबाइल की एक साल की वारंटी थी। मोबाइल ने कुछ समय तक ठीक से काम किया, लेकिन उसके बाद बैटरी के खराब कामकाज के अलावा नेटवर्क व कॉल कटने जैसी समस्याएं पैदा होने लगी। जब वह सैमसंग केयर में अपना मोबाइल ले गया तो उन्होंने बैटरी खराब होने की बात मानी लेकिन कोविड-19 के कारण परिवहन व्यवस्था ठप होने के कारण नई बैटरी डालने में असमर्थता जताई। उपभोक्ता आयोग के अध्यक्ष राजबीर सिंह, सदस्यों हरीशा मेहता व केएस निरानिया ने इस मामले में मोबाइल कंपनी को दोषी मानते हुए कंपनी को एक माह की अवधि में मोबाइल फोन ठीक करने व 5500 रुपये उपभोक्ता को हर्जाने के रूप में देने के आदेश दिए हैं। उपभोक्ता आयोग ने कहा कि 15 दिन के भीतर उपभोक्ता अपना मोबाइल केयर में जमा करवाएगा। मोबाइल जमा होने के 15 दिन के भीतर कंपनी को मोबाइल ठीक करना होगा यदि कंपनी मोबाइल ठीक नहीं कर पाती तो उसे मोबाइल की कीमत के पैसे लौटाने होंगे। संवाद