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Fatehabad News: तीन गांवों में बजट और एक में सरपंच नहीं, कैसे होंगे विकास कार्य

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फतेहाबाद। फतेहाबाद में दिसंबर माह के पहले सप्ताह से पंचायतों का कार्यकाल आरंभ होने के बाद भी अब तक चार गांव विकास कार्याें से महरूम हैं। तीन गांवों में बजट नहीं है और एक गांव में सरपंच न होने के कारण विकास कार्य नहीं हो पा रहे हैं। वहीं अब तक 44 गांवों ने खंड विकास एवं पंचायत विभाग को विकास कार्याें के लिए एस्टीमेट बनाकर भेजा है। कुछ बड़े गांवों ने 10 से 20 लाख तक के कार्याें के एस्टीमेट भी बनाकर भेजे हैं।
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फतेहाबाद खंड में 49 ग्राम पंचायतें आती हैं। इनमें गांव काताखेड़ी में सरपंच पद का चुनाव नहीं हो पाया था, क्योंकि इस गांव के सरपंच पद को बीसी ए वर्ग के लिए आरक्षित किया गया था। लेकिन गांव में बीसी ए वर्ग का कोई भी उम्मीदवार नहीं मिला और यहां चुनाव नहीं हो पाया। इस गांव में सात पंच चुने जाने थे, लेकिन एक वार्ड बीसी ए वर्ग के होने के चलते यहां पर पंच का भी चुनाव नहीं हो पाया। गांव में छह पंच हैं और गांव में किसी भी पंच के बीच में कार्यवाहक सरपंच पद पर सर्व सम्मति बनाने को लेकर खंड विकास एवं पंचायत अधिकारी में पांच पर बैठक भी हो चुकी है, लेकिन कोरम पूरा न होने के कारण यहां सर्व सम्मति नहीं बन पाई है और अभी तक गांव में विकास की एक भी ईंट नहीं लगी है। संवाद

पांच बड़े गांवों ने 10 से 20 लाख तक के एस्टीमेट भेजे
गांव हरिपुरा, बहबलपुरिया रामपुरा व बीजालांबा में विकास कार्यों के लिए बजट ही नहीं है। इस तीनों में बजट न होने के कारण कोई भी काम अभी तक सिरे नहीं चढ़ पाया है। वहीं 44 अन्य गांवों में से मात्र पांच गांवों में ही पांच लाख रुपये से अधिक के कामों के एस्टीमेट बनाकर भेजे गए हैं। गांव भोडियाखेड़ा में इंटरलॉकिंग सड़कों के लिए 27 लाख रुपये का बजट पास हुआ है। इसके अलावा अहलीसदर में गली निर्माण के लिए सात लाख, गिल्लाखेड़ा में 14 लाख रुपये का बजट पास हुआ है। गांव दरियापुर में फिरनी निर्माण के लिए 17 लाख का एस्टीमेट भेजा गया है, जिसका टेंडर लगाया गया है। इसके अलावा अन्य गांवों के सरपंचों ने दो से पांच लाख रुपये के ही एस्टीमेट विकास कार्यों के लिए भेजे हैं।
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कोट
गांवों के सरपंच विभाग के पास विकास के लिए एस्टीमेट लेकर आ रहे हैं। तीन गांवों में बजट नहीं है और एक में सरपंच न होने के कारण कोई एस्टीमेट अभी तक नहीं आया है।
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-भजनलाल, बीडीपीओ फतेहाबाद
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