फतेहाबाद। शहर की सतीश कॉलोनी में हुई बलराज उर्फ गोली की हत्या के मामले में आखिरकार पुलिस ने मुख्य षड्यंत्रकारी गांव बहबलपुर निवासी बलराज उर्फ बल्लू और उसके साथी गांव खानमोहम्मद निवासी मुकेश को गिरफ्तार कर लिया। इनके साथी सिरसा के बनसुधार निवासी संजय, खेमाखाती चौक फतेहाबाद निवासी विकास और आरोपियों को शरण देने के आरोपी अबोहर के खैरपुर निवासी बिंदू को भी काबू किया गया है। इस हत्याकांड में कुल 13 आरोपी पकड़े जा चुके हैं।
पूछताछ में सामने आया कि बलराज उर्फ बल्लू का वर्ष 2019 में फतेहाबाद में बलराज उर्फ गोली के साथ झगड़ा हुआ था। इस दौरान गोली और उसके साथियों ने बलराज उर्फ बल्लू की टांग तोड़ दी थी। तब से बल्लू उससे रंजिश रखता था। इसलिए गोली के जेल से छूटने के बाद ही उसकी हत्या की योजना बनाई जाने लगी। पुलिस ने षड्यंत्रकारियों को गिरफ्तार कर उन्हें कोर्ट में पेश किया। वहां से आरोपी बिंदू को न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया जबकि अन्य को पांच दिन के रिमांड पर लिया गया है। इस दौरान आरोपियों से वारदात में इस्तेमाल की गई पिस्तौल और मोटरसाइकिल बरामद की जाएगी।
पुलिस के मुताबिक पूछताछ में सामने आया कि घटना के बाद मुख्य षड्यंत्रकारी बलराज उर्फ बल्लू, मुकेश, विकास और संजय राजस्थान में छिपे रहे। इन आरोपियों को वहां पहले उज्जलवास निवासी अनिल ठेकेदार ने और उसके बाद सादुलशहर में अबोहर निवासी बिंदू ने शरण दी। आरोपियों को पुलिस ने गांव बहबलपुर के बस स्टैंड से पकड़ा गया।
बल्लू ने भी की थी फायरिंग
पुलिस के मुताबिक बलराज उर्फ गोली पर विकास व संजय के अलावा बलराज उर्फ बल्लू ने भी फायरिंग की थी। बल्लू ने अपने साथियों के साथ योजना के दौरान पहले ही कह दिया था कि गोली बचना नहीं चाहिए।
मामले में पहले पकड़े जा चुके हैं 8 आरोपी
इस मामले में पहले आठ आरोपी जा चुके हैं। इनमें से खान मोहम्मद निवासी प्रवीन उर्फ गांधी, भट्टू के रामसरा निवासी लवकुश, स्वामी नगर निवासी रवि को रेकी के आरोप में पकड़ा गया था। इसके बाद शक्तिनगर निवासी धीरज उर्फ बिल्ली, उज्जलवास निवासी अमन साहू, अनिल उर्फ कालू को गिरफ्तार किया गया। इसके बाद 23 जून को पुलिस बिगड़ निवासी अनिल और बनसुधार निवासी किरण को गिरफ्तार कर चुकी है। इन दोनों से चार अवैध पिस्तौल और 12 कारतूस बरामद किए जा चुके हैं।
बल्लू ने बनना था फौजी, बन गया बदमाश
हत्या के मुख्य षड्यंत्रकारी बलराज उर्फ बल्लू ने पुलिस को बताया कि वह फौज में भर्ती हो गया था लेकिन उसने ज्वाइन नहीं किया। बारहवीं की पढ़ाई के बाद करीब 10 साल पहले बल्लू हिसार में बीएसएफ में भी भर्ती हुआ था लेकिन उसने ज्वाइन नहीं किया। दोस्तों के साथ होने वाले झगड़ों में शामिल होने पर वह गैंगस्टर बन गया। आरोपी बलराज उर्फ बल्लू पर मारपीट, हत्या के प्रयास समेत करीब नौ मामले दर्ज हैं। आरोपी विकास पर नौ, मुकेश पर आठ और संजय पर दो मामले दर्ज हैं।
कोट
बलराज उर्फ गोली ने अपने साथियों के साथ मिलकर वर्ष 2019 में चोट मारकर मुख्य आरोपी बलराज उर्फ बल्लू की टांग तोड़ दी थी। इसी रंजिश में आरोपी बल्लू ने साथियों के साथ मिलकर उसकी हत्या कर दी। मामले में पहले आठ आरोपी पहले पकड़े जा चुके हैं और अब पांच आरोपी पकड़े गए हैं। - जयपाल सिंह, डीएसपी, फतेहाबाद।