फतेहाबाद। जिले में रविवार अलसुबह हुई बारिश फसलाें के लिए वरदान बनकर उभरी है। इस बारिश को फसलों के लिए नाइट्रोजन जैसा माना जा रहा है। पश्चिमी विक्षोभ के सक्रिय होने के कारण रविवार रात को ही जिले में बारिश शुरू हो गई। सुबह तक बारिश जारी रही। जिले में ओवरऑल 6.43 एमएम बारिश हुई। आसमान में दिनभर बादल छाए रहे।
बारिश से जिले में जहां किसानों के चेहरे पर खुशी के भाव देखे गए, वहीं इस बारिश से तापमान में हल्की गिरावट दर्ज की गई। बारिश के कारण शहरी क्षेत्रों में कई जगह पर जलभराव हो गया। फतेहाबाद शहर में कई स्थानों पर सड़कों पर कीचड़ पसर गया, जिससे दो पहिया वाहन चालक फिसलते दिखाई दिए। लाजपत पार्क, डीएसपी रोड, फव्वारा चौक, हंस मार्केट पर सड़कें कीचड़ से भर गईं, जिस कारण राहगीरों और दोपहिया वाहन चालकों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ा। अनाज मंडी में धान से भरी करीब 800 बोरियां भीग गईं।
बता दें कि फतेहाबाद में शनिवार को धूप रही, लेकिन रात को ही बादलवाही हो गई। रविवार अलसुबह जिले में बारिश होने से ठंडक बढ़ गई। बारिश के कारण तापमान में भी गिरावट आई है। फतेहाबाद में रविवार को अधिकतम तापमान एक डिग्री गिरकर 14 डिग्री और न्यूनतम तापमान दो डिग्री गिरकर 11 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। वहीं 11 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चलने के कारण लोग ठंड से ठिठूरते हुए नजर आए।
बारिश से फसलों को होगा फायदा
कृषि वैज्ञानिकाें के मुताबिक यह बारिश गेहूं और सरसों के लिए फायदेमंद है। बारिश से गेहूं में आया पीले पत्ते का रोग दूर हो जाएगा। अब किसान खेताें में खाद डाल सकते हैं। इसके लिए सिंचाई की जरूरत नहीं पड़ेगी। सब्जियों की फसल के लिए भी बारिश अच्छी रहेगी। घीया, हरी मिर्च, तोरी, खीरा, टमाटर आदि मौसमी सब्जियों और फसलों के पौधों को फायदा होगा।
जिले में इतनी हुई बारिश
खंड बारिश
फतेहाबाद 03 एमएम
रतिया 10 एमएम
टोहाना 07 एमएम
भट्टूकलां 06 एमएम
भूना 02 एमएम
कुलां 13 एमएम
जाखल 04 एमएम
कोट
चार फरवरी तक मौसम परिवर्तनशील रहेगा। पश्चिम विक्षोभ के कारण बुधवार और वीरवार को हल्की बारिश हो सकती है। इस दौरान अधिकतम और न्यूनतम तापमान में कमी आई है। इस दौरान तेज गति से हवा चलेगी।
-डाॅ. मदन खीचड़, विभागाध्यक्ष, कृषि एवं मौसम विज्ञान विभाग, एचएयू।
कोट
फतेहाबाद में बारिश ठीक हुई है। बारिश के आसार अगले दो दिन भी रहने वाले हैं। ऐसे में यह बारिश गेहूं और सरसों के लिए वरदान की तरह साबित हुई है। सब्जियों की नई पौध के लिए यह अच्छी रहेगी और फायदेमंद है।
-डॉ. राजेश कुमार, कृषि उपनिदेशक फतेहाबाद।